
वाराणसी। 'जिसके घर शादी है, वह बंद हो चुके हजार व पांच सौ के पांच लाख रुपए तक के नोट बैंक में जमाकर वहां से नए नोट प्राप्त कर सकता है।' सोशल मीडिया पर शनिवार को पूरे दिन उक्त आशय की सूचना इस निर्देश के साथ चलती रही कि इस संबंध में प्रशासन की ओर से आदेश भी जारी कर दिया गया है।
इसके बाद लोगों ने अखबार के दफ्तरों से लेकर कलेक्ट्रेट कर्मियों तक को फोन करना शुरू कर दिया। अंतत: जिलाधिकारी योगेश्र्वर राम मिश्र ने इसको खारिज करते हुए कहा कि यह अफवाह है। इस तरह का कोई आदेश जारी नहीं किया गया है। ऐसे लोगों की तलाश की जा रही है। उन्हें सीधे जेल भेजा जाएगा।
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सोशल मीडिया पर चला संदेश इस तरह था-'जिसकी बहन, बेटी की शादी हो वह एसपी सिटी की मुहर लगवाकर पांच लाख रुपए तक आरबीआई से निकाल सकते हैं। एडीएम सिटी अविनाश सिंह- 945441xxxx'।
सच यह है कि बनारस में इस नाम का न कोई एडीएम सिटी नहीं है और न ही यह नंबर जिले के किसी प्रशासनिक अधिकारी का है। बनारस में एडीएम सिटी पद पर तैनात जेएम सिंह ने इसका खंडन करते हुए कहा कि यह अफवाह है।
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इस तरह का कोई आदेश जारी नहीं हुआ है। रिजर्व बैंक की गाइड लाइन के अनुसार बैंकों की ओर से रुपए बदलने व जमा करने का काम किया जा रहा है।