
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दुबई से तेल अवीव की ओर रवाना हुई 'फ्लाईदुबई' (Flydubai) की एक वाणिज्यिक उड़ान के दौरान हवा में अचानक आपातकालीन स्थिति उत्पन्न हो गई। 150 से अधिक यात्रियों को ले जा रहे इस विमान से क्रू द्वारा एक के बाद एक आपातकालीन संकेत (Emergency Signals) प्रसारित किए गए, जिसके बाद विमान की सऊदी अरब के तबुक हवाई अड्डे पर सुरक्षित लैंडिंग कराई गई।
प्रारंभिक रिपोर्टों में इसे अपहरण (Hijacking) का मामला माना जा रहा था, हालांकि बाद में एयरलाइन ने स्पष्ट किया कि कॉकपिट के भीतर पायलटों के बीच हुआ हिंसक विवाद और चाकूबाजी इस आपात स्थिति की वजह बनी। इस दौरान विमान से पहले 7700 और तत्पश्चात् 7500 कोड प्रसारित किए गए थे।
हवाई सफर के दौरान जब सामान्य संचार माध्यम सीमित होते हैं, तब एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) को तुरंत स्थिति की गंभीरता समझाने के लिए विशेष कोड्स का उपयोग किया जाता है। आइए जानते हैं क्या हैं ये कोड्स और उड्डयन क्षेत्र में इनका क्या महत्व है।
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हवाई जहाज और जमीन पर स्थित एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) टावर के बीच संपर्क स्थापित करने के लिए ट्रांसपोंडर (Transponder) नामक उपकरण का उपयोग किया जाता है। इस प्रणाली के माध्यम से 4 अंकों का एक विशेष कोड ट्रांसमिट किया जाता है, जिसे 'स्क्वॉक कोड' कहा जाता है।

(ये तस्वीर एआई की मदद से बनाई गई है)
इंटरनेशनल सिविल एविएशन ऑर्गेनाइजेशन (ICAO) ने आपात स्थितियों के लिए तीन विशेष स्क्वॉक कोड निर्धारित किए हैं, जिनका अर्थ पूरी दुनिया में एक समान होता है...
जब किसी विमान का नियंत्रण अवैध रूप से छीन लिया जाता है या उस पर अपहरण का खतरा होता है, तब पायलट ट्रांसपोंडर पर '7500' सेट करता है। इसका सीधा अर्थ होता है कि विमान पर बाहरी या आंतरिक उपद्रवियों का नियंत्रण हो चुका है और जमीन पर मौजूद सुरक्षा एजेंसियों को तुरंत रणनीतिक हस्तक्षेप करने की आवश्यकता है।
यदि विमान का मुख्य रेडियो संपर्क तंत्र अचानक ठप पड़ जाए और पायलट की ATC से बोलकर बात न हो पा रही हो, तो '7600' कोड दर्ज किया जाता है। यह कोड देखते ही ATC समझ जाता है कि पायलट सुन या बोल नहीं पा रहा है और तदनुसार रनवे और हवाई मार्ग को खाली कराकर सुरक्षित लैंडिंग की व्यवस्था की जाती है।
यह सबसे व्यापक आपातकालीन कोड है। विमान में किसी भी प्रकार की यांत्रिक खराबी, इंजन फेलियर, ईंधन की कमी या किसी यात्री की गंभीर मेडिकल इमरजेंसी होने पर पायलट '7700' प्रसारित करता है। यह कोड मिलते ही नजदीकी एयरपोर्ट पर फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस सहित तमाम आपात सेवाएं अलर्ट मोड पर आ जाती हैं।