
नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा गणतंत्र दिवस के मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में भारत आ रहे हैं। राष्ट्रपति के रूप में यह उनकी दूसरी यात्रा है। अब तक ये अमेरिकी राष्ट्रपति भारत आ चुके हैं।
9 से 14 दिसंबर 1959
भारत-अमेरिका रिश्ते की शुरुआत 1959 दिसंबर में उस वक्त हुई जब अमेरिकी राष्ट्रपति आइजनहावर की 5 दिनों की भारत यात्रा पर आए थे। शीतयुद्ध के जमाने में वह अहम दौरा था। इसी दौरान आइज़नहावर ने कहा कि भारत के साथ अमेरिका का 'दिमाग का रिश्ता' है, जबकि पाकिस्तान के साथ 'दिल' का।
31 जुलाई से 1 अगस्त 1969
अमेरिका के राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन 31 जुलाई 1969 में भारत आए। छह दिनों के एशिया दौरे में से उन्होंने महज 22 घंटे ही दिल्ली में गुजारे। तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से उनके रिश्ते मधुर नहीं थे।
1 से 3 जनवरी 1978
1978 में नए साल के मौके पर अमेरिकी राष्ट्रपति जिमी कार्टर तीन दिनों की भारत यात्रा पर आए। इस यात्रा का मकसद बांग्लादेश को लेकर हुआ युद्ध और पोखरण परमाणु परीक्षण के बाद पैदा हुए मतभेदों को कम करना था। कार्टर ने संसद के संयुक्त सत्र को भी संबोधित किया था और गुड़गांव के एक गांव भी गए, जिसका नाम उनके सम्मान में बदलकर कार्टरपुरी रखा गया।
21 से 25 मार्च 2000
वर्ष 2000 में अमेरिकी राष्ट्रपति बिल क्लिंटन अपने दूसरे कार्यकाल के आखिरी महीने में भारत आए। उस वक्त पोखरण-2 परीक्षणों के बाद लगे अमेरिकी प्रतिबंधों का मसला अहम था। दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक साझेदारी का दौर शुरू हुआ। क्लिंटन ने भारत में पांच दिन बिताने के बाद पाकिस्तान में सिर्फ पांच घंटे रुककर संकेत दिया था कि रिश्ते बदल रहे हैं।
1 से 3 मार्च 2006
वर्ष 2006 में जॉर्ज बुश का भारत आए। राष्ट्रपति के दो कार्यकाल के दौरान बुश सिर्फ एक बार ही भारत आए। इसी दौरान भारत अमेरिका असैनिक परमाणु करार पर मुहर लगी और भारत के लिए कई नए रास्ते खुले।
6 से 9 नवंबर 2010
मौजूदा राष्ट्रपति बराक ओबामा इससे पहले नवंबर 2010 में भी भारत आ चुके है। तब उन्होंने गरीब बच्चों के अलावा 26 नवंबर 2008 में हुए हमले के पीड़ितों से भी मुलाकात की थी। ओबामा ने उस दौरे के वक्त संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया था और यूएन में भारत के स्थायी सदस्य की भी वकालत की। राष्ट्रपति के रूप में दूसरी बार भारत आने वाले ओबामा पहले अमेरिकी राष्ट्रपति हैं।