जोधपुर, 25 सितम्बर। जिलाधीश के नेतृत्व में जिला प्रशासन द्वारा प्रदेश की सबसे बड़ी शिक्षक भर्ती परीक्षा रीट - 2021 में परीक्षार्थियों के लिए रखी गई निःशुल्क भोजन व्यवस्था की अनुपम पहल का स्वागत करते उत्कर्ष क्लासेस जोधपुर भी इस कार्य में जिला प्रशासन, जोधपुर के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सहयोग कर रहा है। इस अवसर पर बतौर एक शैक्षणिक संस्थान यह जोधपुर नगर निगम तथा आसपास के ग्रामीण क्षेत्र में आने वाले प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर लगभग 60 हजार परीक्षार्थियों के लिए प्रथम पारी के पश्चात शुद्ध सात्विक भोजन के पैकेट निःशुल्क उपलब्ध कराने की व्यवस्था कर रहा है।

उत्कर्ष क्लासेस एंड एजुटेक प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर एंड सीईओं निर्मल गहलोत द्वारा जानकारी देते हुए बताया गया कि निःसंदेह रूप से शिक्षा के क्षेत्र में बीता दौर अनिश्चितता भरा रहा है, और ऐसे में रविवार, 26 सितंबर को दो पारियों में आयोजित रीट - 2021 परीक्षा, लाखों अभ्यर्थियों के लिए उनका सपना पूरा करने का एक सुनहरा अवसर बन कर सामने आई है। जोधपुर में परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों व द्वितीय पारी के परीक्षार्थियों को भोजन के लिए बाहर जाकर अपना समय न गंवाना पड़े तथा घर लौटने वाले विद्यार्थी भी आराम से भोजन कर सकें, इसके लिए सभी को निशुल्क भोजन उपलब्ध करवाया जाएगा। गहलोत ने बताया कि निजी संस्थान और सरकारी तंत्र के सम्मिलित प्रयास के तहत विद्यार्थियों को फूड पैकेट में 6 पूरी, दो सब्जी, मिठाई व पानी की बोतल निशुल्क दी जा रही है। भविष्य में भी संस्था ऐसे सामाजिक सरोकारों में सदैव प्रशासन के साथ कदम से कदम मिलाकर अपना सहयोग देती रहेगी ।

व्यवस्थित तरीके से किया जाएगा वितरण

संस्था निदेशक ने भोजन वितरण की योजना बताते हुए कहा कि शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों में परीक्षा केंद्रों तक भोजन की व्यवस्था करने हेतु योजनाबद्ध तरीके से 47 रूट बनाए गए हैं तथा प्रत्येक रूट में 3 से 5 सेंटर निर्धारित गए हैं । इसी के साथ व्यवस्था पर चौकस नजर रखने हेतु प्रत्येक रूट एवं सेंटर के लिए प्रभारी भी नियुक्त किए गए हैं ।निर्मल गहलोत ने बताया 60,000 से अधिक की संख्या में आए विद्यार्थियों को भोजन उपलब्ध कराने के लिए 14 स्कूलों के बाहर नगर निगम उत्तर व दक्षिण के सहयोग से व्यवस्था की गई है। भोजन के सही वितरण के लिए 500 कार्यकर्ताओं की टीम भी है। इसके लिए 47 बूथ बनाए गए हैं और बूथ प्रभारियों को भोजन वितरण की जिम्मेदारी सौंपी गई है। भोजन निर्माण के लिए 450 हलवाईयों की टीम जुटी है, जो अलग-अलग शिफ्ट में रहकर काम को अंजाम दे रहे हैं। फूड सप्लाई के लिए 90 पिकअप तैयार किये गए हैं जो शहर के अलग-अलग कोनों में जाकर एक ही समय पर भोजन पैकेट उपलब्ध करवाएंगे।

भोजन सात्विक, शुद्ध और पाचक होगा भोजन

गहलोत ने बताया कि उन्होंने भोजन की गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखा है । इस बात का पूरा ध्यान रखा जा रहा है कि खाना खराब या अत्यन्त गरिष्ठ न हों, ताकि सभी प्रकार के विदयार्थी को इसका लाभ मिल सके। साथ ही उन्हें जोधपुरी स्वाद की मिठाई के रूप में दुनिया भर में अपने स्वाद के लिए प्रसिद्ध चक्की भी दी जा रही है । खाने के पैकेट वितरण का प्रबंध बहुत ही व्यवस्थित तरीके से किया गया है। इस संबंध में गहलोत ने छात्रों में अनुरोध भी किया है कि वे खाली पैकेट्स या डिब्बों को सड़क पर नहीं फेंके बल्कि कचरा पात्र में ही डालें ।

Posted By: Shailendra Kumar