
मल्टीमीडिया डेस्क। T-20 फॉर्मेट के आने के बाद क्रिकेट खेलने का अंदाज बदल गया है। बीस ओवर के खेल में बल्लेबाज ऐसे करिश्मे कर रहे हैं, जिसे क्रिकेट की दुनिया में पहले नामुमकिन माना जाता था। आईपीएल 2018 में भी कई ऐसे रिकॉर्ड बने हैं, जो लंबे वक्त तक रिकॉर्ड बुक में दर्ज रहेंगे।
राहुल के नाम आईपीएल का यह खास रिकॉर्ड
जब बीस ओवर के खेल में कोई बेट्समैन कुछ गेंदें खेलकर फिफ्टी जमाए तो वाकई हैरानी होती है। इस आईपीएल में किंग्स इलेवन पंजाब के ओपनर केएल राहुल ने कुछ ऐसा ही कर दिखाया कि रिकॉर्ड बुक में न सिर्फ उनका नाम दर्ज हुआ, बल्कि इस पर भी बहस छिड़ गई कि और इससे तेज क्या हो सकता है।
केएल राहुल की रिकॉर्डतोड़ फिफ्टी
टैटू का शौकीन यह बल्लेबाज गेंदबाजों के लिए किसी खौफ से कम नहीं है। दिल्ली डेयरडेविल्स के खिलाफ केएल राहुल ने इस आईपीएल में महज 14 गेंदों पर अपनी फिफ्टी पूरी की। राहुल ने अपनी पहली 9 गेंदों में 27 रन ठोक डाले और बाकी की बची पांच गेंदों पर 23 रन जोड़ते हुए आईपीएल इतिहास की सबसे तेज फिफ्टी अपने नाम की।
आगे हम आपको बताएंगे कि राहुल से पहले ये कारनामा करने वाले टॉप-4 बल्लेबाज कौन थे।
खिलाड़ी टीम मैदान गेंद छक्के चौके रन
युसूफ पठान सनराइजर्स ईडन गार्डन्स 15 7 5 72
सुनील नरेन आरसीबी चिन्नास्वामी 15 4 6 54
सुरेश रैना किंग्स इलेवन वानखेड़े 16 6 12 87
क्रिस गेल पुणे वॉरियर्स चिन्नास्वामी 17 17 13 175
इससे पहले यह रिकॉर्ड यूसुफ पठान के नाम था, जिन्होंने 2014 में सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ 15 गेंदों में 50 रन बनाए थे। वहीं सुनील नरेन के नाम भी इतनी ही गेंदों में फिफ्टी का रिकॉर्ड है। उन्होंने 2017 में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के खिलाफ यह कारनामा किया था। इस फेहरिस्त में अगला नाम सुरेश रैना का है, जिन्होंने 2014 में पंजाब के खिलाफ मुंबई में 16 गेंद में पचास रन बनाए थे।
वहीं इस फेहरिस्त में जो पांचवां नाम है, वो है क्रिस गेल। गेल ने न सिर्फ आईपीएल की सबसे तेज फिफ्टी बनाने वाले बल्लेबाजों के क्लब में अपना नाम दर्ज कराया था। बल्कि वो सबसे तेज फिफ्टी बनाने वाले बल्लेबाजों की इस लिस्ट में इकलौते बल्लेबाज हैं, जो शतक ठोकने में कामयाब हुए थे। वो भी रिकॉर्डतोड़। गेल ने उस दिन टी20 क्रिकेट में सबसे तेज 30 गेंदों में शतक जड़ा था। गेल के बल्ले से उस दिन ऐसा तूफान निकला कि सिर्फ 66 गेंदों में उन्होंने 175 रनों की पारी खेल दी।
OMG! ये क्या हो गया
क्रिकेट में एक गेंद पर ज्यादा से ज्यादा कितने रन बन सकते हैं भला? इस आईपीएल के एक मैच में दो बार एक गेंद पर 13-13 रन बने। जानिए इस कमाल के बारे में -
बेंगलुरु में रॉयल चैलेंजर्स बंगलोर और मुंबई इंडियंस के बीच खेले गए मैच में ऐसा ही कुछ देखने को मिला। आरसीबी की पारी के दौरान ब्रैंडन मॅक्कुलम और कोलिन डी ग्रैंडहोम ने अपना नाम रिकॉर्ड बुक में दर्ज करवा लिया।
हार्दिक पांड्या की एक गेंद पर बने 13 रन
आरसीबी की पारी में हार्दिक पांड्या 10वां ओवर कर रहे थे। उन्होंने ब्रैंडन मॅक्कुलम को दूसरी गेंद डाली, जो सीने की ऊंचाई पर की गई फुलटॉस थी। गेंद ने बल्ले का बाहरी किनारा लिया और थर्डमैन पर छक्का लग गया। यह नोबॉल घोषित हुई और फ्रीहिट दी गई। इस गेंद पर 7 रन बन चुके थे।
फ्रीहिट की वजह से हार्दिक ने यह गेंद फिर से डाली और मॅक्कुलम ने ऑफ स्टंप के बाहर की तरफ निकलते हुए स्कूप शॉट के जरिए विकेटकीपर के सिर के ऊपर से शानदार छक्का लगाया। इस तरह इस ओवर की दूसरी गेंद पर कुल 13 रन बने।
इसी पारी में दूसरी बार आया ऐसा मौका
मिचेल मैक्लेनाघन आरसीबी की पारी का 20वां और अंतिम ओवर डाल रहे थे। उन्होंने पारी की अंतिम गेंद कोलिन डी ग्रैंडहोम को कमर से ऊपर फुलटॉस डाली जो नोबॉल दी गई और इस पर ग्रैंडहोम ने स्क्वेयर लेग पर छक्का जड़ा। फ्रीहिट की वजह से मैक्लेनाघन को यह गेंद फिर से डालनी पड़ी और ऑफ स्टंप के बाहर डाली गई इस गेंद पर ग्रैंडहोम ने लांग ऑफ पर छक्का जड़ते हुए इतिहास रच दिया। इस अंतिम गेंद पर कुल 13 रन बने।
जब 'छोटे' पार्थिव शॉ ने खेली ताबड़तोड़ पारी
आईपीएल में युवा खिलाड़ी भी बड़े कारनामे कर रहे हैं। ऐसा ही कुछ भारत के अंडर-19 विश्व कप विजेता कप्तान पृथ्वी शॉ ने पिछले दिनों किया। शॉ ने आईपीएल में सबसे कम उम्र में फिफ्टी लगाने के संजू सैमसन के रिकॉर्ड की बराबरी की।
पृथ्वी ने 18 साल 169 दिन की उम्र में फिफ्टी लगाई और संजू सैमसन के रिकॉर्ड की बराबरी की। सैमसन ने यह रिकॉर्ड 2013 में राजस्थान रॉयल्स की तरफ से रॉयल चैलेंजर्स बंगलोर के खिलाफ बनाया था। तब उन्होंने 41 गेंदों में 63 रन बनाए थे। आईपीएल में फिफ्टी लगाने के मामले में तीसरे युवा बल्लेबाज दिल्ली डेयरडेविल्स के रिषभ पंत हैं, जिन्होंने 2017 में दिल्ली की तरफ से 18 साल 212 दिन की उम्र में यह करिश्मा किया था।

आईपीएल में फिफ्टी बनाने वाले छह युवा खिलाड़ी
उम्र बल्लेबाज
18 साल 169 दिन पृथ्वी शॉ (2018)
18 साल 169 दिन संजू सैमसन (2013)
18 साल 212 दिन रिषभ पंत (2016)
18 साल 299 दिन ईशान किशन (2017)
19 साल 1 दिन श्रीवत्स गोस्वामी (2008)
19 साल 253 दिन मनीष पांडे (2009)
इन स्टार्स का कोई जवाब नहीं
दस साल पहले आईपीएल की शुरुआत हुई थी, वो भी ऐसी कि जो आज भी क्रिकेट फैंस में रोमांच भर देती है। 18 अप्रैल, 2008 को जब आईपीएल का पहला मैच खेला गया तो ब्रैंडन मॅक्कुलम के बल्ले से रनों का ऐसा सैलाब निकला कि उसमें सब कुछ बह गया।
आईपीएल के पहले ही मैच में कोलकाता नाइटराइडर्स की तरफ से खेलते हुए मॅक्कुलम ने 73 गेंदों पर नाबाद 158 रनों ठोक डाले। जिसमें 13 छक्के और 10 चौके शामिल थे। वो भी 216 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से। मॅक्कुलम की ये पारी 5 साल तक इंडियन प्रीमियर लीग की सबसे बड़ी पारी रही। मगर फिर गेल का जादू चला तो सारे रिकॉर्ड हवा हो गए। क्रिस गेल मॅक्कुलम से एक कदम आगे निकले और क्रिकेट मैदान पर ऐसी लकीर खींची कि शायद ही कोई उससे लंबी लकीर खींच पाए।
मॅक्कुलम के अलावा इस फेहरिस्त में केवल क्रिस गेल और एबी डीविलियर्स ही ऐसे बल्लेबाज हैं, जो नजर आते हैं। एबी डीविलियर्स ने 2015, 2016 सीजन में दो बड़ी पारियां खेलकर आईपीएल इतिहास की पांच सबसे बड़ी पारियों की फेहरिस्त में अपना नाम शामिल कर लिया है।