Pitru Paksha 2022: हिंदू धर्म में हर व्यक्ति के लिए श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान काफी अनिवार्य कर्म बताए गए हैं। हर साल आपको पितरों की शांति के लिए ये कार्य करने ही चाहिए। इन कार्यों को करने से पितरों की आत्मा को शांति मिलती है जिससे हमें सुख-समृद्धि का आशीर्वाद हमें प्रदान करते हैं। इस बार श्राद्ध पक्ष 10 सितंबर से लेकर 25 सितंबर तक रहेगा। महाभारत के अनुशासन पर्व में भीष्म पितामह ने युधिष्ठिर को श्राद्ध के संबंध में विस्तार पूर्वक बताया है। भीष्म ने युधिष्ठिर को बताया है कि किस तिथि में श्राद्ध करने से उसका क्या फल प्राप्त होता है। आइए जानते हैं कि तिथि के अनुसार श्राद्ध करने से क्या फल प्राप्त होता है।

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Posted By: Arvind Dubey

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