धर्म डेस्क, इंदौर। Shani Rashi Parivartan 2024: सनातन धर्म में शनि देव को शनैश्वर, न्याय देवता और कर्मफल दाता कहा जाता है। सूर्य पुत्र जातक को उसके कर्मों के हिसाब से फल देते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शनि 2025 तक कुंभ राशि में विराजमान रहेंगे। साल 2024 में उनकी स्थिति में बदलाव होगा। जिससे सभी राशियों के जीवन में प्रभाव दिखाई देगा। अगले साल छायापुत्र वक्री होने के साथ अस्त और उदय होंगे। ऐसे में जानते हैं कि वर्ष 2024 में किन राशियों पर मेहरबान रहेंगे शनि देव।
11 फरवरी से 18 मार्च 2024 तक शनि देव अस्त रहेंगे।
18 मार्च क शनि उदित होंगे।
29 जून से 15 नवंबर 2024 तक शनि वक्री रहेंगे।
मेष राशि के 10वें और 11वें भाव के स्वामी शनि हैं। यह राशि से 11वें भाव में रहेंगे। जिससे आय में वृद्धि होने के संकेत है। व्यापारियों को शनि के गोचर से मुनाफा मिल सकता है। साल 2024 में वेतन वृद्धि के आसार है। देवगुरु बृहस्पति के आय के दूसरे भाव में होने से अच्छे प्रभाव देखने को मिल सकते हैं। वहीं, शनिदेव के प्रभाव से आलस और सिरदर्द की परेशानी हो सकती है। आप पैसों की बचत करने में सक्षम रहेंगे। संतान को लेकर थोड़ी चिंता रहेगी।
शनि वृषभ राशि में 9वें और 10वें भाव के स्वामी है। कर्मफलदाता आपके भाग्य और कर्म भाव के स्वामी हैं। इसलिए शनि गोचर 2024 आपके लिए अच्छे अवसर लेकर आएगा। नौकरीपेशा वर्ग का अपने काम पर कंट्रोल रहेगा। विदेश जाने का मौका मिल सकता है। पैसों की सेविंग करने में सफल होंगे। परिवार के लिए समय निकालने में दिक्कत होगी। जून से नवंबर के बीच करियर के लिए समय बेहद शुभ रहेगा। प्रतियोगी परीक्षा और इंटरव्यू में सफलता मिलने के पूरे योग है।
मिथुन राशि के 8वें और 9वें भाव के स्वामी शनि है। साल 2024 में भाग्य का साथ पाने में देरी होगी। दूर स्थानों के यात्रा पर जाना पड़ सकता है। लंबी यात्रा से नए अवसर प्राप्त होंगे। खर्चों में वृद्धि होने के संकेत है। शुभ कार्यक्रम में पैसा खर्च करना पड़ सकता है। पिता के साथ रिश्ते में खटास आने की संभावना है। आपको इस साल भाग्य पर निर्भर रहने के बजाय मेहनत पर ध्यान देना होगा। नौकरी में ट्रांसफर के योग हैं। शनि के अस्त के समय करियर में तरक्की मिलेगी। मार्च महीने से अच्छा समय शुरू होगा।
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