
धर्म डेस्क। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में महिलाएं घर, करियर और रिश्तों के बीच संतुलन बनाते हुए कई जिम्मेदारियां निभाती हैं। ऐसे में तनाव, थकान या आत्मविश्वास में कमी महसूस होना स्वाभाविक है।
शास्त्रों में मां दुर्गा के कुछ ऐसे मंत्र बताए गए हैं, जिनका नियमित जाप महिलाओं के भीतर छिपी ऊर्जा को जाग्रत करता है और जीवन की बाधाओं को दूर करने में सहायक होता है।
मंत्र - ॐ दुं दुर्गायै नमः
लाभ - यह बीज मंत्र अनजाने डर, घबराहट और नकारात्मक भावनाओं को शांत करता है। कठिन समय में इसका मानसिक जाप सुरक्षा और भरोसे का अनुभव कराता है।
मंत्र - या देवी सर्वभूतेषु शक्ति-रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥
लाभ - यह मंत्र याद दिलाता है कि हर महिला स्वयं शक्ति का स्वरूप है। इसके जाप से आत्म-सम्मान बढ़ता है और निर्णय लेने की क्षमता मजबूत होती है।
मंत्र - सर्वमंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके। शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणी नमोस्तुते॥
लाभ - यह मंत्र जीवन के हर क्षेत्र में सकारात्मकता और सफलता लाने में सहायक है। तनाव कम करता है और मन को संतुलित रखता है।
मंत्र - ॐ ह्रीं दुं दुर्गायै नमः
लाभ - घर और करियर के बीच तालमेल बिठाने में मदद करता है। यह मंत्र भ्रम दूर कर एकाग्रता और स्पष्टता बढ़ाता है।
मंत्र - ॐ कात्यायनाय विद्महे कन्याकुमारी धीमहि तन्नो दुर्गि प्रचोदयात्॥
लाभ - यह मंत्र साहस, नेतृत्व और सही निर्णय लेने की शक्ति देता है। संघर्षों में जीत का मार्ग दिखाता है।