
स्पोर्ट्स डेस्क, नईदुनिया। इंडियन प्रीमियर लीग (IPL Trivia) के इतिहास में कई ऐसे फाइनल मुकाबले हुए हैं, जिन्होंने क्रिकेट प्रेमियों को आखिरी गेंद तक रोमांचित किया। इनमें साल 2019, 2023 और 2008 के फाइनल मैच विशेष रूप से याद किए जाते हैं, जहां विजेता का फैसला अंतिम क्षणों में हुआ और दर्शकों की धड़कनें थम सी गई थीं।
साल 2019 का आईपीएल फाइनल मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच खेला गया था। मुकाबला बेहद कांटे का रहा और अंतिम गेंद तक पहुंचा। चेन्नई को जीत के लिए आखिरी गेंद पर दो रन की आवश्यकता थी, जबकि मुंबई के कप्तान रोहित शर्मा की टीम जीत से सिर्फ एक विकेट दूर थी।

इस निर्णायक क्षण में लसिथ मलिंगा ने शानदार यॉर्कर गेंद फेंकी, जिस पर शार्दुल ठाकुर एलबीडब्ल्यू आउट हो गए। इसके साथ ही मुंबई इंडियंस ने रोमांचक मुकाबले में जीत दर्ज कर खिताब अपने नाम कर लिया। इससे पहले मुंबई ने बल्लेबाजी करते हुए 8 विकेट पर 149 रन का स्कोर खड़ा किया था, जिसे चेन्नई लगभग हासिल कर चुकी थी।
आईपीएल इतिहास का एक और बेहद रोमांचक फाइनल साल 2023 में गुजरात टाइटंस और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच देखने को मिला। बारिश के कारण यह मुकाबला दो दिनों तक चला। रिजर्व डे पर भी मौसम ने बाधा डाली, जिसके बाद डकवर्थ-लुईस नियम के तहत चेन्नई को 15 ओवर में 171 रन का लक्ष्य मिला।

लक्ष्य का पीछा करते हुए चेन्नई ने पांच विकेट गंवाकर जीत हासिल कर ली, लेकिन आखिरी ओवर का रोमांच लंबे समय तक याद रखा जाएगा। अंतिम ओवर में टीम को 13 रन की जरूरत थी और गुजरात ने गेंदबाजी की जिम्मेदारी मोहित शर्मा को सौंपी।
ओवर की पहली गेंद डॉट रही। दूसरी गेंद पर शिवम दुबे ने एक रन लिया और स्ट्राइक रविंद्र जडेजा को मिली। तीसरी गेंद पर जडेजा ने सिंगल लिया, जबकि चौथी गेंद पर दुबे ने भी एक रन जोड़ा। अब चेन्नई को आखिरी दो गेंदों पर 10 रन चाहिए थे।
दबाव के इस क्षण में जडेजा ने पांचवीं गेंद पर छक्का जड़ दिया और फिर अंतिम गेंद पर चौका लगाकर चेन्नई को ऐतिहासिक जीत दिला दी। जीत के बाद कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने खुशी में जडेजा को गोद में उठा लिया। इससे पहले गुजरात टाइटंस ने निर्धारित ओवरों में 214 रन बनाए थे।
आईपीएल के पहले संस्करण यानी 2008 का फाइनल भी रोमांच से भरपूर रहा था। चेन्नई सुपर किंग्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 5 विकेट पर 163 रन बनाए थे। टीम की ओर से सुरेश रैना ने सर्वाधिक 43 रन की पारी खेली थी।

लक्ष्य का पीछा करने उतरी राजस्थान रॉयल्स की शुरुआत अच्छी नहीं रही और टीम ने 42 रन तक तीन विकेट गंवा दिए। इसके बाद शेन वॉटसन और यूसुफ पठान ने पारी को संभालते हुए मुकाबले में वापसी कराई।
अंतिम ओवर में राजस्थान को जीत के लिए 8 रन चाहिए थे। चेन्नई के गेंदबाजों के पास मुकाबला बचाने का मौका था, लेकिन सोहेल तनवीर और शेन वॉर्न ने संयम बनाए रखा। आखिरी गेंद पर तनवीर ने तेजी से दौड़कर एक रन पूरा किया और राजस्थान रॉयल्स को आईपीएल इतिहास का पहला खिताब दिला दिया।
आईपीएल के इतिहास में कई बड़े मुकाबले खेले गए हैं, लेकिन 2008, 2019 और 2023 के फाइनल उन मैचों में शामिल हैं, जिन्होंने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा। इन मुकाबलों ने साबित किया कि टी-20 क्रिकेट में अंतिम गेंद तक कुछ भी संभव है और यही रोमांच आईपीएल को दुनिया की सबसे लोकप्रिय क्रिकेट लीगों में शामिल करता है।