गणेश चतुर्थी का पर्व 10 दिनों तक मनाया जाता है। इस साल गणेश उत्सव 19 सितंबर से शुरू हो रहा है। इस दौरान भक्त गणपति बप्पा को प्रसन्न करने की कोशिश भी करते हैं।
भगवान गणेश की मूर्ति स्थापना का शुभ मुहूर्त 19 सितंबर की सुबह 11 बजकर 7 मिनट से लेकर दोपहर 1 बजकर 34 मिनट तक है। आइए मूर्ति स्थापना के नियमों के बारे में जान लेते हैं।
घर में गणपति की मूर्ति स्थापना करने वालों को ध्यान रखना चाहिए कि यह कार्य शुभ मुहूर्त के दौरान ही करें। ऐसा करना शुभ माना जाता है।
गणेश जी की मूर्ति को घर लाते समय लाल कपड़े से जरूर ढक लें। इसके अलावा, मूर्ति को घर की उत्तर या पूर्व दिशा में ही स्थापित करें।
गणेश चतुर्थी के दिन गणपति बप्पा की मूर्ति लाने से पहले ही मूषक और मोदक भी ले आएं। इस बात का भी ध्यान रखें की भगवान के पास हमेशा मूषक और मोदक मौजूद रहें।
गणेश चतुर्थी के दिन गणपति बप्पा की मूर्ति लाने से पहले ही मूषक और मोदक भी ले आएं। इस बात का भी ध्यान रखें की भगवान के पास हमेशा मूषक और मोदक मौजूद रहें।
घर में जिस जगह भगवान गणेश की मूर्ति को स्थापित किया है, विसर्जन तक इस मूर्ति को उसी जगह रखें। इसके साथ ही, ध्यान रखना होगा की मूर्ति को उसकी जगह से न हटाएं।
घर में गणपति स्थापना के बाद उनकी पूजा सुबह-शाम करें। भगवान गणेश की विधि विधान से पूजा करने के बाद ही प्रसाद का वितरण करें।
ज्योतिष में उल्लेख है कि गणपति स्थापना के दौरान व्यक्ति को अपने दिमाग में बुरे विचार नहीं लाने चाहिए। इसके अलावा, कोई भी बुरा कार्य न करें।