डायबिटीज व ह्दय रोगियों को साबूदाना और इससे निर्मित खाद्य पदार्थों के सेवन से बचना चाहिए।
डायबिटीज व ह्दय रोगी को संभावित जोखिम से बचने के उपाय कर लेने चाहिए।
तरबूज, खरबूज, ककड़ी, आम, अंगूर से बनने वाले जूस और शैक को व्रत में लिया जा सकता है।
जूस से डिहाइड्रेशन, उल्टी, थकावट आदि नहीं होती, पपीता व खट्टे फलों संग दूध का सेवन न करें।
सुबह के समय फल, दूध और भीगे हुए मेवे नाश्ते में शामिल करने से आपको कमजोरी का अनुभव नहीं होगा।
चिया के बीज के साथ सेब बादाम मिल्क शेक या कुट्टू पनीर चीला दही के साथ नाश्ता में ले सकते हैं।
नारियल का पानी या अपनी पसंद के किसी भी फल के साथ नींबू पानी ले सकते हैं।
राजगिर रोटी लौकी की सब्जी या ककड़ी सलाद और दही के साथ बेक्ड साबूदाना टिक्की दोपहर में लें।
चाय/काफी बिना चीनी या एक चुटकी सेंधा नमक के साथ। पके हुए या भुने मखाना के साथ चाय शाम को ले सकते हैं।
रात्रि में भोजन हल्का करें। खाने से पहले एक-दो फल या खीरे के सलाद का सेवन करें।
उबले आलू (कम मात्रा में), पालक या दही संग शकरकंद के कटलेट। गाढ़ा कद्दू लौकी सूप और गिलास दूध रात्रि में लें।