पश्चिम की दिशा को मां लक्ष्मी की दिशा मानी जाती है। आइए जानते हैं पश्चिम मुखी घर में सुख-समृद्धि के लिए आपको किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
मां- लक्ष्मी के अलावा यह दिशा शनि जी की भी होती है। इस दिशा के देवता वरुण देव होते है। इस दिशा में रहने वाले ग्रह स्वामी के व्यापार में उतार-चढ़ाव आते रहते है।
पश्चिम मुखी घर की कमियों को दूर करने के लिए साउथवेस्ट पर ज्यादा ऊंची बाउंड्री कर देना चाहिए। साथ ही, हर शाम घर की इस दिशा में दीपक जलाना चाहिए।
काले घोड़े की नाल U टाइप में घर के बाहर लगाने से भी पश्चिम मुखी घर की दिशा से जुड़ी कमियां दूर होती है। इस उपाय को करने से घर में सुख-समृद्धि आती है।
पश्चिम से साउथ वेस्ट की ओर पर एक अशोक का पेड़ लगाने से भी पश्चिम दिशा से जुड़े दोष और कमियों को दूर करता है।
घर के मुख्य द्वार पर रात में सोने से पहले एक पात्र में जल भरकर रख देना चाहिए। सुबह उठकर इस जल को नाली में फेंक दें, साफ पानी को लेकर घर के दरवाजे के दोनों तरफ धो दें।
अगर आपके घर का सदस्य बीमारियों से ग्रस्त हैं तो एक काला ऊनी कंबल लें और व्यक्ति के हाथ से घर की चारे दिशाओं के कोने में फर्श को छुएं। इसके पश्चात इस कंबल को शनि मंदिर में रख दें।
पश्चिम मुखी दिशा में घर होने पर हफ्ते में कम से कम दो बार काल कुत्ते को दुग्ध पिलाएं। साथ ही, यह भी ध्यान रखें कि घर की कोई भी नाली या पाइप न बंद हो पाएं।