
सिडनी। अमेरिका, कनाडा समेत दुनियाभर के कई देशों में जहां हड्डियां गला देने वाली सर्दी पड़ रही है, वहीं ऑस्ट्रेलिया में भीषण गर्मी से जनजीवन तबाह है। तेज हवाएं चल रही हैं। इससे यूकेलिप्टस की झाड़ियों में लगी आग भयावह होती जा रही है।
वहीं, तापमान 40 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है। झाड़ियों की आग के साथ तापमान बढ़ने से दक्षिण पूर्वी राज्य विक्टोरिया में 10 किलोमीटर लंबे हाईवे का अलकतरा भी पिघलने लगा है। मेलबर्न के बाहरी इलाकों समेत विक्टोरिया और दक्षिण ऑस्ट्रेलिया के कई राज्यों में आपातकाल की चेतावनी दे दी गई है।
आग से करीब 400 घरों की बिजली गुल हो गई है। लोगों को इमारतों के अंदर ही रहने को कहा गया है क्योंकि आग की दिशा बदलने से वे उसकी चपेट में आ सकते हैं। आपदा प्रबंधन विभाग के आयुक्त क्रैग लैप्सले ने कहा कि आर्द्रता, हवा और तापमान के बढ़ने से स्थिति और बिगड़ सकती है।
जब तक हवा रुक नहीं जाती है, आग बेकाबू रहेगी और हम बचाव कार्य नहीं कर सकेंगे। मालूम हो कि गर्मी में तापमान बढ़ने और यूकेलिप्टस की झाड़ियों में आग से ऑस्ट्रेलिया के कई इलाके पहले भी झुलसते रहे हैं। विक्टोरिया में सात फरवरी 2009 को आगसे हजारों घर जल गए थे। इसमें 173 लोगों की मौत हो गई थी और 414 लोग घायल हो गए थे। इसे 'काला शनिवार' कहा गया था।
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