
एजेंसी, रियो डी जेनेरियो। ब्राजील में शार्क पर किए गए एक अध्ययन में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। वैज्ञानिकों द्वारा किए गए 13 शार्क के पोस्टमार्टम में उनमें कोकीन की पुष्टि हुई है। ब्राजील के रियो डी जेनेरियो के तट के पास 13 ब्राजीलियाई शार्पनोज़ शार्क पर यह अध्ययन किया गया था।
वैज्ञानिकों द्वारा किए गए परीक्षण में शार्क के 92 प्रतिशत मांसपेशियों और 23 प्रतिशत लिवर के नमूने भी लिए गए थे।
वैज्ञानिकों के अनुसार, शार्क में कोकीन की सांद्रता काफी अधिक पाई गई। पहले जिन जीवों पर परीक्षण किया गया था, उससे 100 गुना अधिक सांद्रता शार्क में मिली है। वैज्ञानिकों का कहना है कि कोकीन ब्रेन पर सीधा असर करती है। इससे उनका व्यवहार अनियमित हो सकता है।

इसके साथ ही यह शार्क की आंखों को भी प्रभावित करता है, जिससे उनका विजन कमजोर हो सकता है। साथ ही इसका असर शार्क के शिकार करने की क्षमता पर भी पड़ता है और उनकी उम्र भी कम हो सकती है। इस मामले में आगे और अध्ययन की बात कही जा रही है।
समुद्र में कोकीन कैसे पहुंचा, इसकी कोई खास पुष्टि तो नहीं हो सकी है। वैज्ञानिकों का मानना है कि दवाइयों की प्रयोगशालाओं से आ रहे ड्रेनेज का पानी समुद्र में मिल रहा है और उनमें मौजूद ड्रग मछलियों तक पहुंच रहा है।