अमेरिका में सिख ट्रक ड्राइवर को 17 बार चाकू मारा गया, ट्रंप प्रशासन की कुछ दिन पहले पोस्ट किए गए नस्लवादी कार्टून पर फिर मचा बवाल
अमेरिका में दक्षिण एशियाई लोगों के खिलाफ बढ़ती नफरत भरी बातों के बीच, दक्षिणी व्योमिंग में एक रेस्ट एरिया के बाथरूम में एक सिख ट्रक ड्राइवर को कई बार ...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 18 Sep 2026 02:11:03 PM (IST)Updated Date: Fri, 18 Sep 2026 02:11:03 PM (IST)
अमेरिका में सिख ड्राइवर को मारा गया 17 बार चाकू। (फोटो: सोशल मीडिया)HighLights
- हाथों, छाती और पसलियों पर 17 बार चाकू मारा
- रेस्ट एरिया के बाथरूम में आरोपित ने किया हमला
- ट्रक ड्राइवर की जान एक हिस्पैनिक परिवार ने बचाई
डिजिटल डेस्क, वॉशिंगटन। अमेरिका में दक्षिण एशियाई लोगों के खिलाफ बढ़ती नफरत भरी बातों के बीच, दक्षिणी व्योमिंग में एक रेस्ट एरिया के बाथरूम में एक सिख ट्रक ड्राइवर को कई बार चाकू मारा गया।
स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, 'सिंह' नाम के इस ट्रक ड्राइवर को रविवार सुबह दक्षिणी व्योमिंग के बिटर क्रीक रेस्ट एरिया में चाकू मारा गया। वह पेंसिल्वेनिया जा रहे थे और रास्ते में वहां रुके थे।
हाथों, छाती और पसलियों पर 17 बार चाकू मारा
'काउबॉय स्टेट डेली' के अनुसार, सिंह को एयरलिफ्ट करके कैस्पर के व्योमिंग मेडिकल सेंटर ले जाया गया, जहां हमले में लगी चोटों से वे उबर रहे हैं। 'सैक्रामेंटो बी' ने खबर दी है कि हमलावर जिसकी पहचान एंड्रयू क्रिस ब्जडैक के तौर पर हुई है, उसने ट्रक ड्राइवर के हाथों, छाती और पसलियों पर 17 बार चाकू मारा। ब्जडैक को गिरफ्तार कर लिया गया है और उस पर फर्स्ट डिग्री हत्या की कोशिश का आरोप लगाया गया है।
सिख ट्रक ड्राइवर पर हुए हमले से स्तब्ध
व्योमिंग के कानून के तहत फर्स्ट-डिग्री हत्या की कोशिश एक गंभीर अपराध है, जिसमें उम्रकैद की सजा हो सकती है। भारतीय मूल के अमेरिकी सांसद राजा कृष्णमूर्ति ने कहा कि वे सिख ट्रक ड्राइवर पर हुए हमले से स्तब्ध हैं। कृष्णमूर्ति ने कहा, यह घटना सिख और दक्षिण एशियाई अमेरिकियों को निशाना बनाकर बढ़ रही नफरत के बीच हुई है।
हाल ही में ट्रंप प्रशासन के होमलैंड सिक्योरिटी विभाग ने भी एक सिख ट्रक ड्राइवर का नस्लवादी कार्टून पोस्ट किया था, जिसमें कहा गया था कि 'हमारी सड़कों से हट जाओ' और 'खुद देश छोड़कर चले जाओ वरना अंजाम भुगतो'।
ट्रक ड्राइवर की जान एक हिस्पैनिक परिवार ने बचाई
ट्रक ड्राइवर की जान एक हिस्पैनिक परिवार ने बचाई, जो उस समय रेस्ट एरिया में मौजूद था। उन्होंने ड्राइवर के घावों का इलाज करने और मेडिकल मदद दिलाने की कोशिश की। स्थानीय मीडिया को मिले अदालती दस्तावेजों से यह भी पता चला है कि रेस्ट एरिया में मौजूद एक परिवार ने हमले की आवाज सुनी, एक आदमी को इमारत से भागते देखा और फिर उसके सेमी-ट्रक का पीछा किया ताकि उसकी पहचान से जुड़ी जानकारी की फोटो ले सकें।
'स्टॉप AAPI हेट' (जो एशियाई अमेरिकियों और प्रशांत द्वीपवासियों के खिलाफ नफरत भरी घटनाओं पर नजर रखता है) के अनुसार, यह हमला दक्षिण एशियाई लोगों को निशाना बनाकर की जा रही नफरत भरी बातों में देश भर में हुई भारी बढ़ोतरी के बीच हुआ है।