
नईदुनिया प्रतिनिधि, रतलाम : जनवरी में आसमान छूते सोना-चांदी के भाव ने निम्न और मध्यम वर्गीय परिवारों की खरीदी का बजट बिगाड़ दिया था। अब नौ माह बाद तस्वीर पूरी तरह बदल गई है। चांदी चार लाख रुपये प्रति किलो के पार जाने के बाद दो लाख रुपये के नीचे आ चुकी है, जबकि सोना भी करीब 38 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम तक सस्ता हो गया है।
कीमतों में इस बड़ी गिरावट ने आभूषण खरीदने की तैयारी कर रहे परिवारों को राहत दी है और जरूरत की खरीदी के लिए बेहतर अवसर बनाया है। इसके बावजूद दीपावली नजदीक आने पर भी रतलाम के सराफा बाजार में ग्राहकी उम्मीद के मुताबिक नहीं बढ़ रही है।
ग्राहक फिलहाल खरीदी करने के बजाय भाव और नीचे आने की राह देख रहे हैं। नतीजतन बाजार में नकदी का प्रवाह कमजोर पड़ गया है और कारोबारियों की चिंता बढ़ गई है।
जनवरी 2026 में चार लाख रुपये प्रति किलो के पार पहुंची चांदी शनिवार को रतलाम के हाजर और बिल कारोबार में 1.99 लाख रुपये पर आ गई। इसी तरह जनवरी में 1.82 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के पार पहुंचा सोना अब हाजर कारोबार में 1.43 से 1.44 लाख रुपये के बीच है। जनवरी के शिखर भाव से तुलना करें तो चांदी करीब 2.01 लाख रुपये प्रति किलो और सोना लगभग 38 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम सस्ता हो चुका है।
कीमती धातुओं में इस अप्रत्याशित गिरावट ने ऊंचे भाव पर खरीदी करने वाले कारोबारियों और निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। वहीं, लंबे समय से आभूषण खरीदने की योजना बना रहे परिवारों के लिए कीमतों में आई नरमी राहत लेकर आई है। हालांकि बाजार में यही इंतजार अब कारोबार की रफ्तार पर भारी पड़ रहा है। ग्राहक मौजूदा भाव को आकर्षक मानने के बावजूद तत्काल खरीदी का जोखिम नहीं लेना चाहते। उन्हें उम्मीद है कि आने वाले दिनों में कीमतें और नीचे जा सकती हैं।
वैश्विक बाजारों में उतार-चढ़ाव और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों के बीच सोना-चांदी की कीमतों में कमजोरी का दौर जारी है। शुक्रवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सोना 141334 से 143125 रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच कारोबार करने के बाद 142024 रुपये पर बंद हुआ।
चांदी 192149 से 198320 रुपये प्रति किलो के दायरे में रही और 195719 रुपये पर बंद हुई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पाट गोल्ड 3975.88 से 4034.04 डालर प्रति औंस के बीच कारोबार करने के बाद 3995.63 डालर पर बंद हुआ। स्पाट सिल्वर 53.0270 से 54.7395 डालर प्रति औंस के बीच रही और 53.9095 डालर पर बंद हुई।
बाजार की मौजूदा चाल को देखते हुए कुछ जानकार सोने में भी आगे और गिरावट की संभावना जता रहे हैं। उनके अनुमान के अनुसार सोने के भाव 1.30 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के नीचे तक जा सकते हैं। हालांकि दूसरी ओर ऐसे विशेषज्ञ भी हैं, जो मानते हैं कि लगातार गिरावट के बाद कीमतें कभी भी पलट सकती हैं। यही अनिश्चितता ग्राहकों को निर्णय लेने से रोक रही है।
रतलाम में शनिवार को सोने के हाजर कारोबार में भाव 143750 से 144000 रुपये प्रति 10 ग्राम रहे, जबकि बिल कारोबार में यह 145000 रुपये पर रहा। चांदी के हाजर और बिल दोनों कारोबार में भाव समान रूप से 1.99 लाख रुपये प्रति किलो दर्ज किए गए।
बाजार की एक दिलचस्प स्थिति यह भी है कि तेजी के दौर में सोना-चांदी मशीन के भाव की तुलना में काफी सस्ते मिल रहे थे, जबकि मौजूदा भारी गिरावट के दौर में दोनों धातुएं मशीन के भाव से ऊपर बिक रही हैं। कारोबारियों के अनुसार आने वाले दिनों में मशीन और बाजार भाव के बीच का अंतर कीमतों की दिशा को समझने में अहम हो सकता है। हालांकि भविष्य में तेजी कितनी और कब आएगी, इसे लेकर अभी स्पष्टता नहीं है।
सराफा व्यवसायी शुभम मूणत के अनुसार सोना-चांदी में लगातार गिरावट ने बाजार का पूरा समीकरण बिगाड़ दिया है। भारी नरमी के बाद भी खरीदारों की संख्या कम है। ऊंचे भाव पर धातुएं खरीदने वाले कारोबारी और निवेशक परेशान हैं, जबकि आम ग्राहक सस्ते भाव से राहत महसूस करने के बावजूद और गिरावट की उम्मीद में खरीदी टाल रहे हैं।
मूणत का मानना है कि इतनी बड़ी गिरावट के बाद बाजार कभी भी यू टर्न ले सकता है। उनके अनुसार फिलहाल सोना-चांदी के भाव खरीदी के लिहाज से उचित स्तर पर हैं और आगे बड़ी गिरावट की उम्मीद के भरोसे निर्णय टालना जरूरी नहीं कि फायदेमंद साबित हो। हालांकि बाजार की दिशा को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।
सराफा व्यवसायी प्रतीक जैन और ऋषभ संघवी के अनुसार, दीपावली की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं, लेकिन सोना-चांदी के कारोबार में अपेक्षित तेजी नहीं दिखाई दे रही है। त्योहार से पहले कीमतों में आई भारी गिरावट भी ग्राहकों को बाजार तक खींचने में सफल नहीं हो रही। खरीदारों को लगता है कि यदि कुछ दिन और इंतजार किया जाए तो धातुएं और सस्ती मिल सकती हैं।
इसी उम्मीद के चलते मांग कमजोर बनी हुई है और भावों में उतार-चढ़ाव जारी है। उन्होंने बताया कि अक्टूबर 2025 में चांदी के भाव 1.46 से 1.82 लाख रुपये प्रति किलो और सोना 1.20 से 1.32 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच रहे थे। पिछली दीपावली पर मुहूर्त में चांदी 1.60 लाख रुपये और सोना 1.30 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर खुला था।
वर्तमान स्थिति में ऊंचे भाव पर निवेश करने वाले बाजार में तेजी लौटने की उम्मीद लगाए बैठे हैं, जबकि आम परिवार त्योहार से पहले और सस्ती खरीदी का अवसर तलाश रहे हैं। यही दोतरफा इंतजार सराफा बाजार की रौनक पर भारी पड़ रहा है।