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ना शौचालय ना पानी, तीन कमरों में सिमटी पढ़ाई, सरगुजा स्कूल में तालाब किनारे 200 मीटर दूर शौच को मजबूर बच्चे

सूरजपुर जिले के ओड़गी ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पकनी स्थित ठाकुरपारा प्राथमिक शाला में अध्ययनरत 34 बच्चे मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं।

By Asim Sen GuptaEdited By: Manoj Kumar Tiwari
Publish Date: Wed, 30 Sep 2026 06:55:01 PM (IST)Updated Date: Wed, 30 Sep 2026 06:55:01 PM (IST)
ना शौचालय ना पानी, तीन कमरों में सिमटी पढ़ाई, सरगुजा स्कूल में तालाब किनारे 200 मीटर दूर शौच को मजबूर बच्चे
ठाकुरपारा प्राथमिक शाला अनुपयोगी है सोलर पंप

HighLights

  1. ओड़गी के पकनी ठाकुरपारा प्राथमिक शाला में 34 बच्चे परेशान।
  2. शौचालय न होने से 200 मीटर दूर तालाब किनारे जाते हैं मासूम।
  3. 1 साल से सोलर पंप बंद, 3 कमरों में सिमटी पढ़ाई।

नईदुनिया न्यूज,ओड़गी : छत्तीसगढ़ राज्य के सूरजपुर ज़िले में स्थित एक गाँव ओडगी ब्लॉक ओड़गी के पकनी के ठाकुरपारा स्थित प्राथमिक शाला में अध्ययनरत 34 बच्चों को आज भी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्कूल में शौचालय की सुविधा नहीं होने के कारण बच्चों को शौच के लिए करीब 200 मीटर दूर तालाब के किनारे जाना पड़ रहा है।

गहरे तालाब के आसपास बच्चों का खुले में शौच के लिए जाना उनकी सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है।ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए शासन स्तर पर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन पकनी के ठाकुरपारा प्राथमिक शाला की स्थिति इन दावों पर सवाल खड़े करती नजर आ रही है।


स्कूल में पढ़ने वाले 34 बच्चों के लिए शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा का उपलब्ध नहीं होना चिंता का विषय है। खासकर छोटे बच्चों को स्कूल परिसर से काफी दूर जाना पड़ता है, जिससे दुर्घटना और संक्रमण का खतरा बना रहता है।स्कूल में कमरों की भी कमी बताई जा रही है। वर्तमान में बच्चों की पढ़ाई महज तीन कमरों में संचालित हो रही है। सीमित कमरों में कक्षाओं का संचालन होने से बच्चों को पढ़ाई के लिए पर्याप्त स्थान और अनुकूल शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने में परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार किए जाने की आवश्यकता है, ताकि बच्चों को सुरक्षित और बेहतर वातावरण मिल सके।

एक साल से खराब है सोलर पंप

स्कूल में पानी की समस्या भी बनी हुई है। विद्यालय परिसर में लगा सोलर पंप करीब एक साल से खराब पड़ा है। इसके चलते पानी की उपलब्धता को लेकर भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शौचालय नहीं होने और पानी की व्यवस्था बाधित होने से बच्चों की दैनिक जरूरतों को पूरा करना मुश्किल हो रहा है।

अधिकारियों ने सूची मंगाने की बात कही

इस संबंध में विकासखंड शिक्षा अधिकारी मोतीलाल राजवाड़े ने बताया कि मूलभूत सुविधाओं से वंचित सभी स्कूलों की सूची मंगवाई गई है। सूची पूर्ण होने के बाद संबंधित विद्यालयों की समस्याओं पर तत्काल ध्यान दिया जाएगा।विद्यालय में शौचालय, पानी और पर्याप्त भवन जैसी मूलभूत सुविधाओं का अभाव बच्चों की पढ़ाई के साथ-साथ उनकी सुरक्षा और स्वच्छता से भी जुड़ा विषय है। ऐसे में अभिभावकों और ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग विद्यालय की स्थिति का निरीक्षण कर आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में शीघ्र कार्रवाई करेगा।

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