
रवि भूतड़ा, नईदुनिया प्रतिनिधि, बालोद: सड़क पर अचानक उठी प्रसव पीड़ा, दर्द से कराहती महिला और मदद की आस में जुटे राहगीर। ऐसे मुश्किल वक्त में पुरूर पुलिस हाईवे पेट्रोलिंग टीम ने तत्परता दिखाते हुए मानवता की मिसाल पेश की। पुलिस टीम ने पुरूर अस्पताल के स्वास्थ्यकर्मियों को तत्काल मौके पर पहुंचाया, जहां एनएच-930 के किनारे ही गर्भवती महिला का सुरक्षित प्रसव कराया गया। महिला ने 3 किलो 200 ग्राम वजन के स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। राहत की बात यह रही कि प्रसव के बाद मां और नवजात दोनों स्वस्थ हैं
मामला झलमला-धमतरी मुख्य मार्ग पुरूर थाना क्षेत्र के ग्राम फागुनदाह चौक का है। गुरुर थाना क्षेत्र के ग्राम टेंगनाबरपारा निवासी कुसुमलता सिन्हा अपने पति सतीश सिन्हा के साथ बाइक से धमतरी अस्पताल में सोनोग्राफी कराने जा रही थीं। इसी दौरान झलमला-धमतरी मुख्य मार्ग पर फागुनदाह चौक के पास अचानक उन्हें तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। दर्द बढ़ने पर वह सड़क किनारे जमीन पर लेट गईं। महिला की हालत देखकर आसपास मौजूद लोग चिंतित हो गए और मौके पर भीड़ जुटने लगी।
सड़क किनारे प्रसव पीड़ा से परेशान गर्भवती महिला की सूचना राहगीरों ने 112 हाईवे पेट्रोलिंग टीम को करीबन 12 बजे दी। सूचना मिलते ही टीम ने बिना देर किए पुरूर अस्पताल से स्वास्थ्यकर्मियों को साथ लिया और घटनास्थल पर पहुंच गई। महिला की स्थिति को देखते हुए तत्काल प्रसव कराने की व्यवस्था की गई। स्वास्थ्यकर्मियों ने सड़क किनारे चटाई बिछाकर प्रसव कराया। कुछ ही देर में करीबन 12 बजकर 20 मिनट पर नवजात की किलकारी गूंज उठी और महिला ने बेटे को जन्म दिया।
प्रसव के बाद पेट्रोलिंग टीम ने मां और नवजात को अपने वाहन से पुरूर अस्पताल पहुंचाया, जहां दोनों को भर्ती कराया गया। नवजात का वजन 3 किलो 200 ग्राम बताया गया है। अस्पताल में चिकित्सकीय देखरेख के दौरान मां और बच्चे दोनों की स्थिति स्वस्थ बताई गई। समय पर मदद मिलने से परिवार ने राहत की सांस ली।
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