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छत्तीसगढ़ में धान खरीदी शुरू होने से पहले उत्तर प्रदेश से लाया जा रहा अवैध धान, धनवार बैरियर पर तीन ट्रक पकड़े गए

बलरामपुर-रामानुजगंज में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी से पहले बिचौलिए सक्रिय हो गए। उत्तर प्रदेश से अवैध धान ला रहे तीन ट्रकों को धनवार बैरियर पर जब्त किय...और पढ़ें

By Asim Sen GuptaEdited By: Manoj Kumar Tiwari
Publish Date: Mon, 19 Oct 2026 06:34:30 PM (IST)Updated Date: Mon, 19 Oct 2026 06:34:30 PM (IST)
छत्तीसगढ़ में धान खरीदी शुरू होने से पहले उत्तर प्रदेश से लाया जा रहा अवैध धान, धनवार बैरियर पर तीन ट्रक पकड़े गए
बलरामपुर में तीन ट्रक धान जब्त, दो व्यक्तियों के घर में संग्रहित 26 क्विंटल धान की जब्ती

HighLights

  1. धान खरीदी से पहले सक्रिय हुए बिचौलिए, तीन ट्रक जब्त।
  2. उत्तर प्रदेश से ला रहे थे अवैध धान, 2226 बोरा पकड़ा गया।
  3. बसंतपुर में दो घरों से 26 क्विंटल धान जब्त, कार्रवाई जारी।

नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर : छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू होने से पहले ही तीन राज्यों की सीमा से लगे बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में बिचौलिए सक्रिय हो गए हैं। बिचौलियों ने पहले से ही दूसरे राज्यों से धान लाकर छत्तीसगढ़ में डंप करना शुरू कर दिया है ताकि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू होने पर उसे किसानों के नाम पर सोसायटियों में खपा सकें। इसकी भनक लगते ही जिला प्रशासन ने भी सख्ती शुरू कर दी है।

कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देश पर वाड्रफनगर एसडीएम डा टीडी मरकाम के नेतृत्व में संयुक्त कार्रवाई की है। टीम ने उत्तर प्रदेश से छत्तीसगढ़ आ रहे अवैध धान से भरे तीन ट्रकों को उत्तर प्रदेश की सीमा पर स्थित धनवार बैरियर पर जब्त किया है। जब्त किए गए तीनों ट्रकों में 2226 बोरा अवैध धान भरा हुआ था। वहीं बसंतपुर में दो व्यक्तियों के घर में अवैध रूप से डंप किया गया 26 क्विंटल धान भी जब्त किया गया है।


जानकारी के अनुसार वाड्रफनगर एसडीएम डा टीडी मरकाम, तहसीलदार अश्विनी चंद्रा और नायब तहसीलदार जितेंद्र डहरे की संयुक्त टीम ने सीमावर्ती क्षेत्रों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान टीम को सूचना मिली कि उत्तर प्रदेश से बड़ी मात्रा में धान लेकर तीन ट्रक छत्तीसगढ़ की ओर आ रहे हैं।

सूचना पर टीम ने तत्काल धनवार बैरियर पर घेराबंदी कर तीनों ट्रकों को रोककर जांच की। ट्रक चालकों से धान से संबंधित वैध दस्तावेज, बिल, परिवहन अनुमति आदि मांगे गए, लेकिन वे कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इस पर टीम ने तीनों ट्रकों को जब्त कर बसंतपुर थाने में सुरक्षार्थ खड़ा करवा दिया। इनके विरुद्ध मंडी अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।

इसी क्रम में टीम ने बसंतपुर में दबिश दी। यहां राजकुमार गुप्ता और शिवप्रसाद गुप्ता के घर में बड़ी मात्रा में धान अवैध रूप से डंप कर रखा गया था। पूछताछ में दोनों ने धान के संबंध में कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखाया। इस पर टीम ने उनके घर से 26 क्विंटल धान जब्त कर कार्रवाई शुरू की है।

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सीमावर्ती जिला होने के कारण बलरामपुर है संवेदनशील

बलरामपुर जिला धान के अवैध परिवहन के मामले में सबसे संवेदनशील माना जाता है। इसका कारण है कि यह जिला, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और झारखंड तीन राज्यों की सीमा से लगा हुआ है। हर साल समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू होने के बाद पड़ोसी राज्यों से बिचौलिए सस्ते दर पर धान खरीदकर छत्तीसगढ़ लाते हैं और यहां किसानों से सांठगांठ कर सोसायटियों में ऊंचे समर्थन मूल्य पर बेच देते हैं।

इससे शासन को करोड़ों रुपये का नुकसान होता है और वास्तविक किसानों को नुकसान उठाना पड़ता है।इसी को देखते हुए इस बार प्रशासन ने खरीदी शुरू होने से पहले ही निगरानी और छापेमारी तेज कर दी है।

अवैध धान के विरुद्ध प्रशासन सजग : एसडीएम

एसडीएम डा टीडी मरकाम ने बताया कि कलेक्टर के निर्देश पर सीमावर्ती इलाकों में लगातार निगरानी की जा रही है। अवैध धान के परिवहन और भंडारण पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए यह कार्रवाई जारी रहेगी। जिन प्रकरणों में धान जब्त किया गया है, उनमें दस्तावेज न होने के कारण मंडी एक्ट के तहत कार्रवाई की जा रही है और आगे जांच जारी है।