• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • शारदीय नवरात्रि
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • भिलाई

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 11, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज हुआ भोले बाबा की बरात

भोले बाबा की बरात को लिम्का गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज कर लिया गया है। जैसे ही इसकी घोषणा हुई शहर खुशी से झूम उठा। पूर्व मुख्यमंत्री डा. रम...और पढ़ें

By Nai Dunia News NetworkEdited By: Nai Dunia News Network
Publish Date: Thu, 11 Mar 2021 11:20:36 PM (IST)Updated Date: Thu, 11 Mar 2021 11:20:36 PM (IST)
गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज हुआ भोले बाबा की बरात

भिलाई। भोले बाबा की बरात को लिम्का गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज कर लिया गया है। जैसे ही इसकी घोषणा हुई शहर खुशी से झूम उठा। पूर्व मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने भी बोल बम सेवा एवं कल्याण समिति को इसके लिए बधाई दी।

बोलबम सेवा एवं कल्याण समिति द्वारा बीते 13 वर्षों से भिलाई में महाशिवरात्रि के मौके पर भोले बाबा की बरात का आयोजन किया जा रहा है। इस वर्ष भी बरात धूमधाम से निकाली गई। बरात में भूत, पिशाच तो नाच ही रहे थे,आंध्र प्रदेश, केरल तथा राम मंदिर की झांकी लोगों को लुभा रही थी।


भोले बाबा की बरात दोपहर 12 बजे हथखोज स्थित शिव मंदिर में पूजा अर्जना के पश्चात प्रारंभ हुई। जिसका समापन पावर हाऊस स्थित राजराजेश्वरी मंदिर शिवजी के जलअभिषेक के साथ किया गया। बोलबम सेवा एवं कल्याण समिति के अध्यक्ष दया सिंह के मुताबिक भिलाई से निकलने वाली बाबा की बरात उज्जैन के बाद दूसरे नंबर की बरात है।

गोल्डन बुक में शामिल

बाबा की बरात की भव्यता के मद्देनजर गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड के एशिया हेड डा.मनीष विश्नोई ने इस भव्य बरात को शामिल कर लिया गया। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने आयोजन समिति के अध्यक्ष दया सिंह को बधाई दी। कहा कि आज भिलाई का नाम पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हो गया।

यह भिलाई के लिए ही नहीं बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ प्रदेश के लिए गौरव की बात है। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का जिक्र करते हुए बाबा की बरात में शामिल राम मंदिर की झांकी की जमकर तारीफ की।

बरात के पहले पूरे विधि विधान से तैयारी

-भिलाई से निकलने वाली भोले बाबा की बरात हर मामले में एतिहासिक है।

-बरात की तैयारी दो माह पूर्व शुरू हो जाती है।

-भोले बाबा और माता पार्वती का विवाह पूरे विधि विधान से संपन्ना कराया जाता है।

-बकायदा कार्ड छपवाया जाता है। जिसे शहर और देशभर में वितरण कर लोगों को बरात में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया जाता है।

-विवाह कार्ड वितरण के साथ ही बोल बम कल्याण समिति के सदस्य बरात के पूर्व छोटी-छोटी रैली निकालकर लोगों को बरात में शामिल होने का न्यौता देते हैं।

बाक्स

दोपहर को शुरू हुई भव्य बरात

दोपहर 12 बजे हथखोज इंदिरा नगर स्थित शिव मंदिर से बाबा की बरात शुरू हुई। बरात की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बरात में छत्तीसगढ़ समेत आंध्र प्रदेश व केरल तथा उत्तर प्रदेश की झांकी शामिल थी।

-भूत, पिशाच को नाचते देख लोग रोमांचित हो गए। पूरा माहौल देखकर साक्षात बाबा की बरात का ही अनुभव हो रहा था।

-अयोध्या के राम मंदिर के झांकी लोगों को लुभा रही थी। इस झांकी की तारीफ स्वयं डा. रमन सिंह ने भी की।

बाक्स

राज राजेश्वरी मंदिर में हुआ विवाह

बाबा की बरात हथखोज से होकर केनाल रोड होते हुए पावर हाऊस स्थित राजराजेश्वरी मंदिर पहुंची। इस दौरान पूरे रास्ते बाबा की बरात देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। राज राजेश्वरी मंदिर में पूरे विधि विधान के साथ भोले बाबा और माता पार्वती का विवाह सम्पन्ना कराया गया।

--