• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • बिलासपुर

शिक्षक भर्ती विवाद में 64 अभ्यर्थियों को राहत, अधिकारी के सामने पक्ष रखने की मिली छूट

छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच ने शिक्षक भर्ती विवाद में 64 अभ्यर्थियों को बड़ी राहत दी है। कोर्ट ने अभ्यर्थियों को संबंधित प्राधिकारी के समक्ष अभ...और पढ़ें

By Manoj Kumar TiwariEdited By: Manoj Kumar Tiwari
Publish Date: Fri, 18 Sep 2026 10:37:22 PM (IST)Updated Date: Fri, 18 Sep 2026 10:37:21 PM (IST)
शिक्षक भर्ती विवाद में 64 अभ्यर्थियों को राहत, अधिकारी के सामने पक्ष रखने की मिली छूट
प्रतीकात्मक चित्र

HighLights

  1. सिंगल बेंच के बीस अगस्त के आदेश के पैराग्राफ आठ पर आधारित थी पूरी कानूनी बहस।
  2. राज्य शासन और कर्मचारी चयन बोर्ड का पक्ष सुनने के बाद डिवीजन बेंच ने सुनाया फैसला।
  3. रामानुजगंज और बेलगहना के युवाओं को छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट से मिली एक बहुत बड़ी कानूनी राहत।

नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर: शिक्षक भर्ती से जुड़े विवाद में हाई कोर्ट ने 64 अभ्यर्थियों को संबंधित प्राधिकारी के समक्ष अपना पक्ष रखने की अनुमति दी है। जस्टिस पार्थ प्रीतम साहू और जस्टिस सुषमा सावंत की डिवीजन बेंच ने सिंगल बेंच के 20 अगस्त 2026 के आदेश के खिलाफ दायर अपील का निराकरण करते हुए कहा कि अभ्यर्थी प्रतिनिधित्व प्रस्तुत कर सकते हैं और प्राधिकारी उस पर शीघ्र विचार करे।

कोर्ट ने यह भी कहा कि भर्ती का विज्ञापन पहले ही जारी हो चुका है, इसलिए इस तथ्य को ध्यान में रखा जाए। बेलगहना निवासी आलोक कुमार घोष, रामानुजगंज निवासी विष्णु दित्य राज, अंबिकापुर निवासी विशाल त्रिपाठी, रायगढ़ के कपु निवासी रित्विक शर्मा समेत 64 अभ्यर्थियों ने याचिका में सिंगल बेंच द्वारा पारित आदेश के बाद अंतर-न्यायालय अपील दायर की थी।


अपील में स्कूल शिक्षा विभाग, लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन बोर्ड और परीक्षा नियंत्रक को प्रतिवादी बनाया गया। सुनवाई के दौरान अभ्यर्थियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मतीन सिद्दीकी और अधिवक्ता अपूर्वा पांडे उपस्थित हुए। राज्य की ओर से उप महाधिवक्ता अनुजा शर्मा तथा कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से अधिवक्ता अविनाश सिंह ने पक्ष रखा।

यह भी पढ़ें- नेपाल भाग गया था कांग्रेस नेता पर हमले का मास्टरमाइंड, बिलासपुर पुलिस ने घेराबंदी कर किया गिरफ्तार

राज्य ने सिंगल बेंच के आदेश का समर्थन किया, लेकिन अभ्यावेदन देने की स्वतंत्रता की मांग पर कोई आपत्ति नहीं जताई। डिवीजन बेंच ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अपील का निराकरण कर दिया और अभ्यर्थियों को संबंधित प्राधिकारी के समक्ष प्रतिनिधित्व प्रस्तुत करने की स्वतंत्रता दी।