नौकरी की तलाश में रामगढ़ से नोएडा पहुंचा युवक हुआ लापता, एक माह बाद बस्तर के जंगलों में जवानों को मिला, पुलिस ने परिवार से मिलवाया
रोजी-रोटी की तलाश में घर से निकले एक युवक की किस्मत ने ऐसा मोड़ लिया कि वह उत्तर प्रदेश से भटकते हुए छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के नारायणपुर पहुंच गया।
Publish Date: Fri, 16 Oct 2026 07:58:26 PM (IST)Updated Date: Fri, 16 Oct 2026 07:58:26 PM (IST)
HighLights
- कैंप के जवानों ने पहुंचाया सुरक्षित स्थान
- डॉक्टरों की निगरानी में इलाज शुरू हुआ
- सोनभद्र और रामगढ़ से खुला रहस्य
नईदुनिया प्रतिनिधि, नारायणपुर। रोजी-रोटी की तलाश में घर से निकले एक युवक की किस्मत ने ऐसा मोड़ लिया कि वह उत्तर प्रदेश से भटकते हुए छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के नारायणपुर पहुंच गया। एक महीने से लापता और मानसिक तनाव से जूझ रहे युवक का नारायणपुर पुलिस ने जिला अस्पताल में इलाज कराया और उत्तर प्रदेश पुलिस से समन्वय स्थापित कर उसे उसके भाई से सकुशल मिलवाया।
कैंप के जवानों ने पहुंचाया सुरक्षित स्थान
15 अक्टूबर को ओरछा थाना क्षेत्र के संवेदनशील सुरक्षा कैंप 'मंदोड़ा' में तैनात जवानों की नजर एक असहाय व्यक्ति पर पड़ी। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, वह पिछले 10–12 दिनों से आसपास के जंगलों और ग्रामीण इलाकों में बदहवास हालत में भटक रहा था। जवानों ने तुरंत उसे थाना नारायणपुर भिजवाया।
डॉक्टरों की निगरानी में इलाज शुरू हुआ
थाने पहुंचने पर युवक मानसिक अस्वस्थ और गंभीर शारीरिक कमजोरी के कारण अपनी पहचान स्पष्ट रूप से नहीं बता पा रहा था। पुलिस अधिकारियों ने कागजी कार्यवाही या सामान्य पूछताछ में समय गंवाने के बजाय मानवीय दृष्टिकोण अपनाया। पुलिस अधीक्षक संदीप पटेल के निर्देश पर उसे तत्काल जिला अस्पताल नारायणपुर में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज शुरू हुआ।
'सोनभद्र' और 'रामगढ़' से खुला रहस्य, यूपी पुलिस से साधा संपर्क
अस्पताल में चले उपचार के बाद जब युवक की स्थिति में सुधार हुआ, तो उसने बातचीत में बार-बार 'सोनभद्र' और 'रामगढ़' का जिक्र किया। इस सुराग को पकड़ते हुए नारायणपुर पुलिस ने तकनीकी व प्रशासनिक स्तर पर उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिला पुलिस से संपर्क साधा।
सोनभद्र पुलिस के माध्यम से की गई तस्दीक में युवक की पहचान 30 वर्षीय सुनील कुमार भारती (पिता: विनोद कुमार भारती), निवासी ग्राम रामगढ़, थाना कोन, जिला सोनभद्र के रूप में हुई। जांच में सामने आया कि सुनील करीब एक माह पहले रोजगार की तलाश में नोएडा गया था, जहां से वह अचानक लापता हो गया था।
जब भाई को सामने देख नम हो गईं आंखें
नारायणपुर पुलिस ने युवक के परिजनों से दूरभाष पर संपर्क कर उसके सुरक्षित होने और इलाज की जानकारी दी। खबर मिलते ही सुनील का छोटा भाई विकास कुमार भारती 16 अक्टूबर को नारायणपुर पहुंचा। अस्पताल में जब दोनों भाइयों का आमना-सामना हुआ, तो बिछोह का दर्द आंसुओं के रूप में छलक पड़ा।
पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद डॉक्टरों ने सुनील को डिस्चार्ज किया, जिसके बाद वैधानिक औपचारिकताएं पूरी कर उसे उसके भाई के सुपुर्द कर दिया गया। परिजनों ने नारायणपुर पुलिस की तत्परता और ममतामयी सेवा के प्रति हाथ जोड़कर आभार व्यक्त किया।