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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

श्री रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज मान्यता मामले में सीबीआई ने 35 लोगों को बनाया आरोपी, भ्रष्टाचार अधिनियम में केस दर्ज

सीबीआई ने श्री रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज मान्यता गड़बड़ी मामले में अपनी जांच को आगे बढ़ाया है। सीबीआई ने मामले में 35 लोगों को आरोपी बनाकर उनके खिला...और पढ़ें

By Roman TiwariEdited By: Roman Tiwari
Publish Date: Thu, 03 Jul 2025 04:36:51 PM (IST)Updated Date: Thu, 03 Jul 2025 04:37:24 PM (IST)
श्री रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज मान्यता मामले में सीबीआई ने 35 लोगों को बनाया आरोपी, भ्रष्टाचार अधिनियम में केस दर्ज
मेडिकल कॉलेज मान्यता मामले में 35 आरोपी

HighLights

  1. मेडिकल कॉलेज मान्यता मामले में 35 आरोपी
  2. सीबीआई ने 35 लोगों के खिलाफ दर्ज किया केस
  3. मान्यता के बदले 1.62 करोड़ रिश्वत की पेशकस

नई दुनिया प्रतिनिधि, रायपुर: श्री रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज मान्यता गड़बड़ी मामले में सीबीआई ने बड़ी कार्रवाई की है। सीबीआई ने एफआईआर में 35 लोगों को नामजद आरोपी बनाया है। वहीं इस संबंध में सीबीआई की जांच अभी जारी है। मामले में कई और लोगों के जुड़े होने की संभावना है। कॉलेज प्रबंधन और मान्यता से जुड़े अन्य लोग भी इसमें आरोपी हो सकते हैं। सभी के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम की धाराओं में केस दर्ज किया गया।

बता दें कि सीबीआई ने इस मामले देश भर में कार्रवाई की है। जिसमें 1 जुलाई को टीम ने 6 लोगों को गिरफ्तार किया था। जिनमें से 3 मान्यता देने के बदले 55 लाख की रिश्वत लेने वाले आरोपी डॉक्टर थे। वहीं अब सीबीआई ने अन्य 35 लोगों को आरोपी बनाया है।


सीबीआई ने इन लोगों के खिलाफ दर्ज किया केस

  • मयूर रावल – रजिस्ट्रार, गीतांजलि यूनिवर्सिटी, उदयपुर, राजस्थान
  • आर. रणदीप नायर – प्रोजेक्ट हेड, टेकइन्फी सॉल्यूशन्स प्रा. लि., नई दिल्ली
  • रावतपुरा सरकार इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च (SRIMSR), रायपुर, छत्तीसगढ़
  • रविशंकर जी महाराज – चेयरमैन, रावतपुरा सरकार इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च, रायपुर
  • अतुल कुमार तिवारी – डायरेक्टर, रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज, नवा रायपुर
  • डी. पी. सिंह – कुलपति, टाटा इंस्टिट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज, मुंबई
  • डॉ. अतिन कुंडू – रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज, नवा रायपुर (पिता: एन. के. कुंडू)
  • लक्ष्मीनारायण चंद्राकर – अकाउंटेंट, रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज, नवा रायपुर
  • संजय शुक्ला – (पिता: कृपा शंकर शुक्ला), रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज, नवा रायपुर
  • डॉ. मंजप्पा सी. एन. – प्रोफेसर और HOD (ऑर्थोपेडिक्स), मंड्या इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, मांड्या, कर्नाटक — NMC निरीक्षण दल के सदस्य
  • डॉ. सतीश – बेंगलुरु — NMC निरीक्षण दल के सदस्य
  • डॉ. चैत्रा एम. एस. – NMC निरीक्षण दल की सदस्य
  • डॉ. पी. रजनी रेड्डी – NMC निरीक्षण दल की सदस्य
  • डॉ. अशोक शेल्के – NMC निरीक्षण दल के सदस्य
  • डॉ. जीतू लाल मीणा – संयुक्त निदेशक एवं डिवीजन प्रमुख (SPE), राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण, नई दिल्ली
  • पूनम मीणा – अधिकारी, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार
  • धर्मवीर – अधिकारी, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार
  • पियूष मल्यान – अनुभाग अधिकारी, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार
  • अनूप जायसवाल – अधिकारी, स्वास्थ्य मंत्रालय
  • राहुल श्रीवास्तव – अधिकारी, स्वास्थ्य मंत्रालय
  • चंदन कुमार – अधिकारी, स्वास्थ्य मंत्रालय
  • दीपक – अधिकारी, स्वास्थ्य मंत्रालय
  • मनिषा – अधिकारी, स्वास्थ्य मंत्रालय

बता दें कि श्री रावतपुरा सरकार मेडिकल कॉलेज को मान्यता दिलाने के बदले रिश्वत लेने की जानकारी के आधार पर सीबीआई यह कार्रवाई कर रही है। सीबीआइ का दावा है कि मान्यता दिलाने के लिए 1.62 करोड़ रुपये की डील हुई थी। सीबीआइ की जांच में यह साफ हुआ है कि आरोपी डॉक्टरों और कुछ अफसरों ने कॉलेज प्रबंधन से मिलीभगत किया था।

सीबीआई के अनुसार आरोपियों ने निरीक्षण से पहले ही जांच टीम की जानकारी लीक कर दी थी। इसके बाद मेडिकल कालेज ने घोस्ट फैकल्टी, नकली मरीज और फर्जी उपस्थिति जैसे फार्मूले अपनाकर निरीक्षण को अनुकूल दिखाया। जिससे की मान्यता प्राप्त हो जाए।