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छत्तीसगढ़ में SIR सर्वे में मतदाता आंकड़ों ने चौंकाया, 6 लाख मृत, 19 लाख शिफ्ट... दावा और आपत्ति चरण 23 दिसंबर से शुरू

छत्तीसगढ़ में चुनाव आयोग ने SIR के तहत पूरे प्रदेश में मतदाता सूची का व्यापक सत्यापन किया। इस सर्वे में पता चला कि सूची में कई ऐसे नाम थे, जो अब पात्र...और पढ़ें

By Abhishek RaiEdited By: Akash Sharma
Publish Date: Tue, 23 Dec 2025 07:35:35 PM (IST)Updated Date: Tue, 23 Dec 2025 07:36:08 PM (IST)
छत्तीसगढ़ में SIR सर्वे में मतदाता आंकड़ों ने चौंकाया, 6 लाख मृत, 19 लाख शिफ्ट... दावा और आपत्ति चरण 23 दिसंबर से शुरू
छत्तीसगढ़ में SIR सर्वे ने मतदाता सूची की जांच की।

HighLights

  1. SIR में बड़े पैमाने पर मतदाता सूची की जांच
  2. 6 लाख 42 हजार मृत मतदाता पाए गए
  3. 19 लाख से अधिक शिफ्ट या अनुपस्थित मतदाता

नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर: प्रदेशभर में आयोजित सर्वे ऑफ इनएलिजिबल वोटर्स (SIR) के दौरान मतदाता सूची की व्यापक जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। चुनाव आयोग के अनुसार, SIR के दौरान कुल 1 करोड़ 84 लाख 95 हजार 920 गणना प्रपत्र (EF) मतदाताओं से एकत्र किए गए।

सर्वे में यह पता चला कि मतदाता सूची में कई ऐसे नाम थे, जो अब पात्र नहीं रहे। जांच में 6 लाख 42 हजार 234 मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी थी, 19 लाख 13 हजार 540 मतदाता शिफ्ट या अनुपस्थित पाए गए और 1 लाख 79 हजार 43 मतदाता के नाम सूची में एक से अधिक स्थानों पर दर्ज थे।


चुनाव आयोग ने बताया कि शिफ्ट या अनुपस्थित मतदाताओं में वे शामिल हैं जो अन्य राज्य या केंद्रशासित प्रदेश के मतदाता बन चुके हैं, सर्वे के समय अपने पते पर मौजूद नहीं थे, 18 दिसंबर 2025 तक गणना प्रपत्र जमा नहीं किया, या अब मतदाता पंजीकरण में इच्छुक नहीं हैं।

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प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि SIR का उद्देश्य किसी वास्तविक पात्र मतदाता को मताधिकार से वंचित करना नहीं है। जिन मतदाताओं के नाम सर्वे के दौरान हटा दिए गए हैं, वे दावा एवं आपत्ति चरण (23 दिसंबर 2025 से 22 जनवरी 2026) के दौरान पुनः मतदाता सूची में शामिल होने का अवसर प्राप्त करेंगे।

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