
नईदुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। राज्य में ई-पॉस मशीनों पर फिंगरप्रिंट का मिलान नहीं होने से 70 से 80 वर्ष और उससे अधिक उम्र के बुजुर्ग राशन से वंचित हो रहे हैं। भारतीय राज्य पेंशनर महासंघ के प्रांताध्यक्ष वीरेंद्र नामदेव ने राज्य सरकार और जिला प्रशासन से तत्काल वैकल्पिक प्रमाणीकरण व्यवस्था लागू करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि तकनीकी खामी के कारण किसी भी पात्र हितग्राही को उसके खाद्यान्न से वंचित नहीं किया जाना चाहिए।
नामदेव ने पुरानी ई-पॉस मशीनों को आधुनिक मशीनों से बदलने तथा फिंगरप्रिंट विफल होने पर आइरिस स्कैन, ओटीपी या अन्य वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि राशन दुकानों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग कतार, छाया, पेयजल और बैठने की व्यवस्था होनी चाहिए।
उन्होंने कलेक्टरों और खाद्य विभाग के अधिकारियों से दुकानों का निरीक्षण कर व्यवस्था सुधारने तथा लापरवाही पर जवाबदेही तय करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि बुजुर्गों को सम्मानपूर्वक राशन उपलब्ध कराना शासन की जिम्मेदारी है।
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