Raipur Crime News : राजधानी में ट्रक चालक की हत्या कर लूटा सामान, पुलिस ने तीन आरोपितों को किया गिरफ्तार
ट्रक चालक की हत्या के 15 दिन बाद पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपितों ने ट्रक में लदा सामान लूटा और ड्राइवर की हत्या कर दी। मुख्य आर ...और पढ़ें
By Ashish Kumar GuptaEdited By: Ashish Kumar Gupta
Publish Date: Fri, 10 Nov 2023 11:08:39 PM (IST)Updated Date: Fri, 10 Nov 2023 11:08:39 PM (IST)
ट्रक चालक की हत्या के गिरफ्तार आरोपित। सौ. पुलिस रायपुर (नईदुनिया प्रतिनिधि)। ट्रक चालक की हत्या के 15 दिन बाद पुलिस ने तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपितों ने ट्रक में लदा सामान लूटा और ड्राइवर की हत्या कर दी। मुख्य आरोपित दो सगे भाई बिहार गोपालगंज से गिरफ्तार किए गए। पुलिस ने मंजय यादव उर्फ लक्की, इंद्रासन यादव निवासी महरादेउर थाना भोर जिला गोपालगंज (बिहार), रितेश सिंहा निवासी महासमुंद को गिरफ्तार किया है। माल खपाने में मददगार नागेंद्र जायसवाल सहित अन्य फरार आरोपितों की तलाश जारी है।
खरोरा थाना क्षेत्र में 31 अक्टूबर को बलौदा बाजार रोड पर सारागांव के एक ढाबे के नजदीक बंद नाली के अंदर ट्रक ड्राइवर परमेश्वर यादव की सडी-गली लाश मिली थी। शव की शिनाख्ती के बाद उस ट्रक मालिक और मृतक के स्वजन को बुलाकर पूछताछ की गई। जांच में पता चला कि परमेश्वर यादव (मृतक) सिलतरा रायपुर से ट्रक में लिक्विड यूरिया की 300 बाल्टी भरकर बलौदा बाजार खाली करने के लिए निकला था। रात हो जाने से सारागांव के एक ढाबे का पास रुका था और रात में वहीं आराम कर रहा था।
दूसरे दिन ट्रक के मालिक और स्वजन के अन्य लोगों द्वारा परमेश्वर यादव से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उसका फोन बंद था। दो दिन तक कोई खबर नहीं मिली, तब ट्रक मालिक खोजने निकाला। बलौदा बाजार रास्ते के बजाय आरंग रोड पर ग्राम करमंदी के पास रोड के किनारे उसका ट्रक खड़ा मिला, लेकिन उसमें ड्राइवर परमेश्वर यादव नहीं था। ट्रक में लदी लिक्विड यूरिया की 300 बाल्टी भी नहीं थी। ट्रक मालिक को शंका हुई कि शायद ड्राइवर परमेश्वर यादव ने माल को बेच दिया है और ट्रक छोड़कर खुद भी गायब हो गया है। इसी बीच परमेश्वर यादव का शव सारागांव के पास मिलने से यह स्पष्ट हो गया कि माल के लिए मृतक की हत्या हुई है। शव मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
पुलिस की पांच सदस्यीय टीम गई थी बिहार
मुखबिर से जानकारी मिलने के बाद पांच सदस्यीय टीम गोपालगंज बिहार के लिए रवाना की गई। संदेह के आधार पर पकड़े गए मंजय यादव उर्फ लक्की, उसके छोटे भाई इंद्रासन यादव से पूछताछ की गई। तब उनके द्वारा इस बात का राजफाश किया गया कि पकड़े गए दोनों भाइयों के अलावा दो अन्य, कुल चार लोगों ने ट्रक ड्राइवर परमेश्वर यादव की हत्या करके उसके शव को सारागांव के पास ढाबे के किनारे छुपा दिया और उसके ट्रक को लेकर आरंग रोड पर ग्राम करमंदी के पास ले गए और खुद के द्वारा चलाए जा रहे दूसरे ट्रक में माल भरकर महासमुंद के ट्रक ओनर के गोदाम में माल खपाने के लिए छोड़कर सभी अपने गांव वापस आ गए थे।
पांच लोगों ने मिलकर की थी हत्या
गहन पूछताछ करने पर उन्होंने घटना के विषय में विस्तार से बताया कि वास्तव में कुल पांच लोगों ने मिलकर परमेश्वर यादव की हत्या की है। मंजय यादव पिछले 6-7 माह से महासमुंद के नागेंद्र जायसवाल का ट्रक चलाता था। साथ में अपने छोटे भाई इंद्रासन यादव को ड्राइवरी सिखाने के लिए कंडेक्टर के तौर पर रखे था। अन्य भाई संजय यादव और पुराने साथी बगेश राम और चंदन धोबी भी काम की तलाश में इनके पास आए थे, लेकिन काम नहीं मिल रहा था। पांचों ने मिलकर योजना बनाई। घटना दिनांक को अपने ट्रक में सवार होकर पांचों सारांगाव के ढाबे के पास पहुंचे। वहां परमेश्वर अपने ट्रक में सो रहा था। पांचों ने मिलकर उसके ट्रक में भरे हुए माल (लिक्विड यूरिया) को चोरी करने का प्लान बनाया। पांचों ने मिलकर ड्राइवर को वहीं दबोच लिया, चाकू से हमला कर उसकी हत्या कर दी। लाश को पास की नाली में डालकर उसके ट्रक को लेकर वहां से निकल गए।