
नईदुनिया प्रतिनिधि, खैरागढ़: खैरागढ़ पुलिस की ऑनलाइन सट्टा गेमिंग एप के खिलाफ कार्रवाई तेज हो गई है। छुईखदान पुलिस ने गुरुग्राम से पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है, जो पहले ‘शिवा गेमिंग एप’ के पुराने नेटवर्क से जुड़े थे। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से नकदी, बैंक खाते, मोबाइल और लैपटॉप जब्त किए हैं। जांच में करोड़ों रुपये के लेन-देन का रिकॉर्ड सामने आया है। अधिकारियों ने बताया कि पूछताछ के दौरान और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

छुईखदान पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा गेमिंग एप के खिलाफ कार्रवाई करते हुए गुरुग्राम से पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया। जांच के दौरान पता चला कि यह नेटवर्क पहले ‘शिवा गेमिंग एप’ के नाम से संचालित था और अब पुराना चैटबोर्ड ही इस्तेमाल किया जा रहा था। गिरफ्तार आरोपितों में भिलाई निवासी देवेंद्र सिंह और हर्ष प्रजापति, दरभंगा (बिहार) निवासी राजा मुखिया और उमेश मुखिया, और मोतीलाल श्रीवास शामिल हैं।
पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से 22 हजार रुपये नकद, विभिन्न बैंक खातों में जमा 91,175 रुपये सहित कुल एक लाख 13 हजार 175 रुपये जब्त किए। इसके अलावा 19 मोबाइल फोन, दो लैपटॉप, तीन एटीएम कार्ड, एक वाई-फाई राउटर और 14 सिम कार्ड बरामद किए गए। कुल जब्ती की कीमत करीब 4.98 लाख रुपये आंकी गई है। जांच में सात बैंक खातों को सीज किया गया और लगभग आठ से 10 करोड़ रुपये के ऑनलाइन लेन-देन का रिकॉर्ड सामने आया।
इससे पहले छुईखदान थाना क्षेत्र से आठ अन्य आरोपित गिरफ्तार हो चुके थे। दुर्ग और नागपुर से भी इस नेटवर्क से जुड़े लोग पकड़े जा चुके हैं। नागपुर से पकड़े गए एक आरोपी फिलहाल जमानत पर है, जिसकी जमानत निरस्त कराने की कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस ने सभी आरोपितों को रिमांड पर लेकर उनसे गहन पूछताछ शुरू कर दी है। जांच में नेटवर्क के अन्य सदस्य, लेन-देन के तरीके और डिजिटल ट्रांजेक्शन के रिकॉर्ड का अध्ययन किया जा रहा है। एडिशनल एसपी खैरागढ़ नितेश कुमार गौतम ने बताया कि कार्रवाई लगातार जारी है और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
पुलिस ने साफ किया कि ऑनलाइन सट्टा और अवैध गेमिंग के मामले में किसी को भी छूट नहीं दी जाएगी। तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल इनपुट के आधार पर पूरे नेटवर्क की छानबीन की जा रही है, ताकि अपराधियों को न्याय के दायरे में लाया जा सके।