AIIMS Bhopal: स्तन कैंसर का यह प्रकार है खतरनाक, गांठ न बनने के बावजूद इन लक्षणों से करें पहचान
स्तन के आकार, त्वचा या बनावट में बदलाव दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सकीय जांच कराएं। गांठ न होने का मतलब यह नहीं है कि कैंसर की आशंका नहीं है।
Publish Date: Fri, 16 Oct 2026 03:33:08 PM (IST)Updated Date: Fri, 16 Oct 2026 03:37:09 PM (IST)
प्रतीकात्मक फोटो।HighLights
- लोब्युलर कैंसर में गांठ बनना जरूरी नहीं
- स्तन में किसी भी नए बदलाव को न करें नजरअंदाज
- इलाज का निर्णय मरीज की स्थिति के आधार पर होता है
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। एम्स भोपाल में एक से 31 अक्टूबर तक स्तन कैंसर जागरुकता माह मनाया जा रहा है। इस दौरान लोब्युलर स्तन कैंसर को लेकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
इनवेसिव लोब्युलर कार्सिनोमा स्तन की दूध बनाने वाली ग्रंथियों यानी लोब्यूल्स से शुरू होता है। इसमें कैंसर कोशिकाएं फैलावदार तरीके से बढ़ती हैं और स्पष्ट गांठ नहीं बनती, इसलिए कई बार इसकी पहचान मुश्किल हो जाती है।
स्तन में नए बदलाव को न करें नजरअंदाज
डॉक्टरों का कहना है कि स्तन के आकार, त्वचा या बनावट में कोई नया बदलाव दिखे तो तुरंत जांच कराएं। निदान के लिए शारीरिक परीक्षण, इमेजिंग और जरूरत पड़ने पर बायोप्सी की जाती है। इलाज का फैसला मरीज की स्थिति के अनुसार विशेषज्ञ लेते हैं।
गांठ न बनने से पहचान कठिन
शल्य कैंसर विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कुमार ने कहा कि लोब्युलर कैंसर में गांठ न बनने से पहचान कठिन हो सकती है। ऐसे में किसी भी बदलाव को नजरअंदाज न करें और चिकित्सकीय सलाह जरूर लें।