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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 27, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

RTE Admission: बड़वानी जिले में आरटीई में प्रवेश को लेकर कम होने लगी पालकों की रुचि

RTE Admission: महंगी शैक्षणिक सामग्री और स्कूलों की दूरी बनने लगी कारण, पिछले वर्ष खाली रह गई थी 1859 सीट शुरू।

By Prashant PandeyEdited By: Prashant Pandey
Publish Date: Tue, 27 Feb 2024 03:14:55 PM (IST)Updated Date: Tue, 27 Feb 2024 03:21:59 PM (IST)
RTE Admission: बड़वानी जिले में आरटीई में प्रवेश को लेकर कम होने लगी पालकों की रुचि

HighLights

  1. पिछले वर्ष बड़वानी जिले में कुल 3950 सीट आरक्षित थी।
  2. जिसके विरूद्ध 2091 सीट पर बच्चों ने प्रवेश हुआ और 1859 सीट रिक्त रही।
  3. प्रवेश प्रक्रिया में आवेदक के निवास स्थान के पास की स्कूल को ही प्राथमिकता दी जाती है।

RTE Admission: नईदुनिया प्रतिनिधि, बड़वानी। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत गैर अनुदान मान्यता प्राप्त अशासकीय स्कूलों (निजी स्कूल) में कमजोर वर्ग व वंचित समूह के बच्चों के प्रवेश में बीते वर्षों से कमी आने लगी हैं। आरटीई के तहत पालक भी अपने बच्चों को बड़े निजी स्कूलों में प्रवेश कराने से कतराने लगे हैं। इसका कारण महंगी शैक्षणिक सामग्री और कई स्कूलों की दूरी भी कारण बनने लगी हैं। हालांकि राज्य शिक्षा केंद्र द्वारा शैक्षणिक सत्र 2024-25 के लिए शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत शुक्रवार से प्रक्रिया शुरू हो गई हैं।

इसके तहत जिले की निजी स्कूल में विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा। बता दें कि पूर्व के मुकाबले अब सरकारी स्कूलों में बेहतर सुविधाएं, निशुल्क पाठ्य सामग्री और पढ़ाई का स्तर सुधरने लगा हैं। उधर, आरटीई के तहत कमजोर व वंचित समूह के बच्चों को निजी स्कूलों में निशुल्क प्रवेश तो मिल जाता हैं, लेकिन वर्षभर की पाठ्य सामग्री आर्थिक भार बढ़ाती है। साथ ही कई बार स्कूलों का आनलाइन चयन संबंधित बच्चे के निवास से दूरी पर होने के चलते भी पालक सीट आवंटन के बावजूद प्रवेश नहीं दिलाते।


बहरहाल आगामी 2024-25 सत्र के लिए राज्य शिक्षा केंद्र, स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी कलेक्टर को नियमानुसार पूर्ण पारदर्शी से नियत समय में काम करने के निर्देश भी जारी किए है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में पिछले साल जितनी सीट आरक्षित की गई थी, उसके मुकाबले आधी सीटें रिक्त रह गई थी। पिछले वर्ष जिले में कुल 3950 सीट आरक्षित थी। जिसके विरूद्ध 2091 सीट पर बच्चों ने प्रवेश हुआ और 1859 सीट रिक्त रही।

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बड़वानी जिले में 324 निजी स्कूल डीपीसी कार्यालय के आरटीई प्रभारी के अनुसार जिले में करीब 324 निजी स्कूल है। जिनमें विभिन्न कक्षाओं में 25 प्रतिशत के मान से आरटीई के तहत प्रवेश दिया जाना है। हालांकि अब तक वरिष्ठ कार्यालय से आरक्षित सीटों की स्थिति साफ नहीं हो पाई है। हालांकि प्रवेश प्रक्रिया में आवेदक के निवास स्थान के पास की स्कूल को ही प्राथमिकता दी जाती है।

इस तरह चलेगी प्रक्रिया

- 3 मार्च तक पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन व त्रुटि सुधार।

- 5 मार्च तक पावती डाउनलोड और मूल दस्तावेजों का केंद्रों में सत्यापन।

- 7 मार्च को पारदर्शी रेंडम पद्धति से ऑनलाइन लॉटरी के माध्यम से स्कूल आवंटन। चयनित आवेदकों को एसएमएस से मिलेगी सूचना।

- चयनित आवेदक 11 मार्च से 19 मार्च के बीच आवंटित स्कूल में प्रवेश ले सकेंगे। 21 मार्च को खाली सीटों की जानकारी जारी होगी।

द्वितीय चरण में ऐसे होगी भर्ती

- 21 मार्च को पोर्टल पर जारी होगी रिक्त सीटों की जानकारी।

- 22 से 26 मार्च तक स्कूलों की चॉइस अपडेशन करवा सकेंगे।

- 28 मार्च को ऑनलाइन लॉटरी से स्कूल आवंटन।

- लॉटरी में चयनित आवेदक 30 मार्च से 5 अप्रैल के बीच आवंटन पत्र डाउनलोड करके आवंटित स्कूल में प्रवेश ले सकेंगे।