
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के तहत प्रदेशभर में बसों के संचालन की तैयारी तेज हो गई है। भोपाल, ग्वालियर, सागर और जबलपुर को केंद्र बनाकर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों के लिए बस संचालन के मार्ग निर्धारित कर दिए गए हैं। इन मार्गों की अधिसूचना भी जारी हो चुकी है।
अब इन पर बसें चलाने के लिए निजी बस ऑपरेटरों से प्रस्ताव (ईओआई) आमंत्रित किए जाएंगे। परिवहन विभाग ने अगले एक वर्ष में 2500 बसें सड़कों पर उतारने का लक्ष्य रखा है। वर्ष 2031 तक प्रदेश में 15 हजार बसें संचालित करने की योजना है।
परिवहन विभाग के सचिव मनीष सिंह के अनुसार, अगले एक वर्ष में 2500 बसें चलने लगेंगी। इसके लिए निर्धारित मार्गों पर निजी बस ऑपरेटरों को बस संचालन का अवसर दिया जाएगा। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के संचालन के लिए परिवहन प्राधिकरण का गठन महत्वपूर्ण है।
प्राधिकरण के गठन और पुनर्गठन का मामला हाई कोर्ट में विचाराधीन होने के कारण बस संचालन के लिए ईओआई जारी करने सहित अन्य प्रक्रियाएं लगभग दो माह से आगे नहीं बढ़ पा रही थीं। अब न्यायालय से मामले का निराकरण होने के बाद गुरुवार को प्राधिकरण का पुनर्गठन कर दिया गया है।
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मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत 25 सितंबर को हुई थी। पहले चरण में प्रदेश के सात शहरों से कुल 351 बसों का संचालन शुरू किया गया है। इनमें इंदौर की 145, भोपाल की 106, जबलपुर की 67, रीवा की 18, देवास की 10, कटनी की तीन और भिंड की दो बसें शामिल हैं।