'माफी मांगता रहा मासूम, पीटते रहे प्रिंसिपल': भोपाल में चौथी के छात्र को इतना पीटा कि कान से सुनाई देना हुआ बंद, थाने पहुंचा मामला
बच्चे के पिता उजेर अहमद ने प्रिंसिपल मनोहर काटा पर मारपीट करने का आरोप लगाते हुए गांधीनगर थाने में शिकायत की है।
Publish Date: Sun, 11 Oct 2026 01:34:16 PM (IST)Updated Date: Sun, 11 Oct 2026 01:34:16 PM (IST)
प्रतीकात्मकHighLights
- फादर एग्नेल स्कूल में चौथी कक्षा के छात्र से मारपीट का आरोप
- चेहरे और कंधे पर चोट, सुनने में परेशानी का दावा
- 8 अक्टूबर को छात्र के साथ कथित मारपीट का मामला
डिजिटल डेस्क, भोपाल। राजधानी के प्रतिष्ठित फादर एग्नेल स्कूल में एक बार फिर अनुशासन के नाम पर क्रूरता का मामला सामने आया है। स्कूल में चौथी कक्षा के एक छात्र के साथ प्रिंसिपल द्वारा कथित तौर पर बेरहमी से मारपीट करने का मामला तूल पकड़ गया है।
घटना 8 अक्टूबर की है, जिसके बाद छात्र के चेहरे और कंधे पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं। प्रताड़ना के इस गंभीर मामले के बाद मासूम को कान से सुनने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पीड़ित छात्र के पिता उजेर अहमद ने इस अमानवीय घटना की शिकायत गांधी नगर थाने में दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए छात्र का हमीदिया अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया है।
माफी मांगी फिर भी पीटा
छात्र के पिता उजेर अहमद ने बताया कि 8 अक्टूबर की शाम जब उनका बेटा स्कूल से घर लौटा, तो वह काफी डरा हुआ था। उसने रोते हुए परिजनों को बताया कि स्कूल के प्रिंसिपल मनोहर काटा ने उसके साथ जमकर मारपीट की। मासूम का कहना था कि वह लगातार हाथ जोड़कर माफी मांगता रहा, लेकिन प्रिंसिपल ने उसकी एक नहीं सुनी।
पिता के अनुसार, मारपीट के बाद से बच्चे को कान से सुनाई देना बंद हो गया था। घर पहुंचने पर अचानक चक्कर आने से वह बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ा। बच्चे के चेहरे और कंधे पर पिटाई के स्पष्ट निशान देखे जा सकते हैं।
अभिभावक का आरोप- थाने में शिकायत के बाद बनाया जा रहा दबाव
घटना के तुरंत बाद 8 अक्टूबर की रात करीब 11 से 11:30 बजे के बीच पिता उजेर अहमद गांधी नगर थाने पहुंचे और लिखित शिकायत दी। पिता का आरोप है कि पुलिस से शिकायत करने के बाद से उन्हें लगातार यह कहकर टाला जा रहा है कि जांच चल रही है और मेडिकल रिपोर्ट मंगाई जा रही है।
पीड़ित परिवार ने यह भी सनसनीखेज आरोप लगाया है कि स्कूल से जुड़े एक व्यक्ति का फोन आया, जिसमें मामले में 'समझौता' करने का दबाव बनाया गया। परिजनों ने कड़े शब्दों में मांग की है कि आरोपी प्रिंसिपल के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और उन्हें इंसाफ दिया जाए।
पुलिस जांच और मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार
इस पूरे मामले में फिलहाल स्कूल प्रबंधन या प्रिंसिपल मनोहर काटा की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। गांधी नगर थाना पुलिस का कहना है कि छात्र के मेडिकल परीक्षण की रिपोर्ट आने के बाद चोटों की प्रकृति स्पष्ट होगी, जिसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
स्कूली बच्चों के साथ इस तरह की हिंसा और मारपीट की घटनाओं ने एक बार फिर शैक्षणिक संस्थानों में बच्चों की सुरक्षा और शिक्षकों के आचरण पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।