भोपाल: रहवासी इलाकों में कमर्शियल गतिविधियों पर फिर होगा एक्शन, दीवाली बाद जारी होंगे नोटिस
भोपाल नगर निगम आवासीय उपयोग के लिए स्वीकृत भवनों में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने वाले प्रतिष्ठानों को नए सिरे से नोटिस जारी करने की तैयारी में है।
Publish Date: Sun, 01 Nov 2026 11:48:26 AM (IST)Updated Date: Sun, 01 Nov 2026 11:48:26 AM (IST)
HighLights
- भोपाल नगर निगम फिर करेगा कार्रवाई
- दीपावली के बाद फिर जारी होंगे नोटिस
- सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत होगा एक्शन
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। आवासीय भवनों में नियमों के विपरीत व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने वालों पर नगर निगम दीपावली के बाद फिर कार्रवाई शुरू कर सकता है। इसके लिए निगम ऐसे प्रतिष्ठानों को नए सिरे से नोटिस जारी करेगा, जो आवासीय उपयोग के लिए स्वीकृत भवनों में व्यावसायिक गतिविधियां चला रहे हैं।
नोटिस के बावजूद गतिविधियां बंद नहीं करने वाले प्रतिष्ठानों को सील किया जाएगा। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन में निगम ने पहले भी शहर के सभी 21 जोन में ऐसे प्रतिष्ठानों को चिह्नित कर नोटिस जारी किए थे, लेकिन कार्रवाई के आंकड़े बेहद कम रहे।
8264 प्रतिष्ठानों को नोटिस
निगम के अनुसार, शहर में कुल 8264 प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए गए थे। इसके बाद केवल 190 मामलों में ही कार्रवाई हुई। इनमें 183 प्रतिष्ठानों ने निगम की कार्रवाई शुरू होने के बाद स्वेच्छा से व्यावसायिक गतिविधियां बंद कर दी थीं, जबकि महज सात प्रतिष्ठानों को सील किया गया। इस तरह 8264 नोटिस जारी होने के बावजूद सीलिंग की कार्रवाई सात प्रतिष्ठानों तक ही सिमटकर रह गई।
अब निगम पुराने नोटिसों के बजाय नए सिरे से नोटिस जारी कर संबंधित प्रतिष्ठानों को जवाब देने का मौका देगा। इसके बाद भी नियमों का उल्लंघन जारी रखने वालों पर सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
8264 नोटिस के बाद भी सिर्फ सात सील
नोटिस जारी करने और वास्तविक कार्रवाई के आंकड़ों के बीच बड़ा अंतर निगम की पिछली कार्रवाई की प्रभावशीलता पर सवाल खड़ा करता है। 8264 प्रतिष्ठानों को नोटिस देने के बावजूद केवल सात को सील किया जा सका। वहीं, 183 प्रतिष्ठानों को स्वेच्छा से बंद कराए गए थे।
अब निगम नए सिरे से नोटिस जारी करने की तैयारी है। ऐसे में यह देखना अहम होगा कि निगम इस बार केवल कागजी कार्रवाई करता है या नियमों का उल्लंघन जारी रखने वाले प्रतिष्ठानों पर वास्तव में कठोर कदम उठाता है।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर हो रही है कार्रवाई
सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन में शुरू हुई इस कार्रवाई का मकसद आवासीय क्षेत्रों में स्वीकृत भू-उपयोग के विपरीत चल रही व्यावसायिक गतिविधियों पर रोक लगाना है। निगम की आगामी कार्रवाई में नोटिस के बाद भी नियमों का उल्लंघन करने वालों को सीलिंग का सामना करना पड़ सकता है।
सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश के अनुसार ही कार्रवाई की जाएगी। जैसे ही कोई प्लानिंग होगी, उसकी सूचना दी जाएगी। - आरपी अहिरवार, आयुक्त, नगर निगम