भोपाल में सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद फैसला : रिहायशी क्षेत्रों में चलेगा अवैध निर्माण विरोधी अभियान, जारी होंगे नोटिस
नगर निगम क्षेत्र के सभी विधानसभा क्षेत्रों में एक साथ सर्वे होगा। अपर आयुक्त या उपायुक्त के नेतृत्व में नोडल दल आवासीय क्षेत्रों की जांच करेंगे।
Publish Date: Fri, 07 Aug 2026 11:31:00 AM (IST)Updated Date: Fri, 07 Aug 2026 11:31:00 AM (IST)
नगर निगम कार्यालय भोपाल। फाइल फोटो।HighLights
- छहों विधानसभा क्षेत्रों में एक साथ सर्वे
- व्यावसायिक कारोबार की जांच होगी
- उल्लंघन मिला तो नोटिस और कार्रवाई
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। सुप्रीम कोर्ट में हुई हालिया सुनवाई के बाद नगर निगम ने अब पूरे शहर में आवासीय क्षेत्रों में संचालित व्यावसायिक गतिविधियों और अन्य निर्माण संबंधी अनियमितताओं के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है।
अब नगर निगम सीमा की सभी छह विधानसभा क्षेत्रों में एक साथ सर्वे कर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए नगर निगम द्वारा प्रत्येक विधानसभा के लिए अपर आयुक्त या उपायुक्त के नेतृत्व में नोडल दल गठित किए गए हैं।
दल तीन प्रमुख बिंदुओं पर जांच करेगा
- पहले चरण में ग्रीन बेल्ट और तालाब किनारे किए गए निर्माणों का परीक्षण होगा।
- दूसरे चरण में बिना स्वीकृत भवन अनुज्ञा या स्वीकृत नक्शे के विपरीत किए गए निर्माणों की जांच की जाएगी।
- तीसरे चरण में आवासीय भवनों में संचालित व्यावसायिक गतिविधियों का सर्वे होगा।
समान रूप से चलेगा अभियान
सर्वे को व्यवस्थित बनाने के लिए सड़कों को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है। पहले कार्रवाई को केवल कुछ क्षेत्रों तक सीमित मानने की शिकायतें सामने आ रही थीं, लेकिन अब पूरे नगर निगम क्षेत्र में समान रूप से अभियान चलाया जाएगा।
सड़कों को आधार बनाने तीन श्रेणियों में किया विभाजित
- 7.5 मीटर से कम चौड़ाई वाली सड़कें।
- 7.5 से 15 मीटर चौड़ाई वाली सड़कें।
- 15 मीटर से अधिक चौड़ी सड़कें।
सभी विधानसभा क्षेत्रों में नोडल अधिकारियों के नेतृत्व में संयुक्त सर्वे दल गठित किए गए हैं। सर्वे के दौरान भवन अनुज्ञा उल्लंघन, अवैध निर्माण, ग्रीन बेल्ट एवं जलाशय क्षेत्र में अतिक्रमण तथा आवासीय भवनों में संचालित व्यावसायिक गतिविधियों की जांच की जाएगी। जहां भी नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां नियमानुसार नोटिस देकर कार्रवाई की जाएगी। - भुवन गुप्ता, उपायुक्त, नगर निगम भोपाल