MP शिक्षक भर्ती आंदोलन : आधी रात को रोशनपुरा चौराहे से अभ्यर्थियों को उठाकर ले गई पुलिस, थाने में छोड़ा
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के बाद देर रात बलपूर्वक हटाया और बसों से खजूरी सड़क थाने ले जाकर छोड़ दिया। इस कार्रवाई से अभ्यर्थियों में नाराजगी ब...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 16 Oct 2026 12:20:34 PM (IST)Updated Date: Fri, 16 Oct 2026 12:24:33 PM (IST)
प्रदर्शनकारियों को वहां से जबरन हटा दिया और बसों में भरकर खजूरी सड़क थाने ले जाकर छोड़ दिया। सौ- आयोजकHighLights
- पद वृद्धि की मांग को लेकर 57 दिन से आंदोलन
- आधी रात को रोशनपुरा चौराहे से हटाए गए अभ्यर्थी
- महिला अभ्यर्थियों की सुरक्षा और कार्रवाई के नियमों पर सवाल
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। मध्य प्रदेश में वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक भर्ती में पद वृद्धि की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन अब और अधिक तूल पकड़ता जा रहा है। गुरुवार को आंदोलन के 56वें दिन मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने निकले अभ्यर्थियों को पुलिस ने रोशनपुरा चौराहे पर रोक दिया था।
इसके बाद गुरुवार देर रात पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से जबरन हटा दिया और बसों में भरकर खजूरी सड़क थाने ले जाकर छोड़ दिया। आधी रात की गई इस कार्रवाई के बाद से अभ्यर्थियों में भारी आक्रोश है और उन्होंने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
नियमों को ताक पर रखने का आरोप, सुरक्षा पर उठे सवाल
देर रात की गई इस कार्रवाई को लेकर अभ्यर्थियों ने तीखी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि किस कानून के तहत रात के समय महिलाओं को गिरफ्तार कर इस तरह उठाया गया?
नियमानुसार किसी भी महिला को रात्रि के समय गिरफ्तार या हिरासत में नहीं रखा जा सकता, बावजूद इसके मध्य प्रदेश पुलिस ने नियमों को ताक पर रखकर यह कदम उठाया।
अभ्यर्थियों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि इस दौरान किसी भी महिला अभ्यर्थी के साथ कोई अनहोनी या घटना हो जाती, तो इसकी जवाबदेही किसकी होती?
57 दिन से जारी है संघर्ष
उल्लेखनीय है कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के रिक्त पदों पर भर्ती और पद वृद्धि की मांग को लेकर पिछले 57 दिनों से लगातार प्रदर्शन जारी है।
गुरुवार को प्रदेशभर के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में अभ्यर्थी राजधानी भोपाल पहुंचे थे। लोक शिक्षण संचालनालय (डीपीआई) के सामने एकजुट होने के बाद ये युवा सीएम हाउस का घेराव करने के लिए आगे बढ़े थे।
पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद अभ्यर्थियों ने रोशनपुरा चौराहे पर ही सड़क पर डेरा डाल दिया था और रातभर वहीं डटे रहे। स्थिति को नियंत्रित करने के नाम पर पुलिस ने आधी रात को यह बलपूर्वक कार्रवाई की।
फिलहाल, अभ्यर्थियों के रुख को देखते हुए राजधानी में प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है और आंदोलनकारियों ने अपनी मांग पर अडिग रहने की बात कही है।