मध्य प्रदेश रीजनल एआई इम्पैक्ट कांफ्रेंस-2026 में सीएम डॉ. मोहन यादव ने लांच की स्पेस टेक पॉलिसी
सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार के डाटा को हम डिजिटाइज कर रहे हैं। 1960 का डेटा भी डिलिटाइज किया गया है। उन्होंने कहा कि संदीपनी और शंक ...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 15 Jan 2026 01:47:34 PM (IST)Updated Date: Thu, 15 Jan 2026 02:19:13 PM (IST)
मध्य प्रदेश रीजनल एआई इम्पैक्ट कांफ्रेंस-2026 के मंच पर मौजूद सीएम डॉ. मोहन यादव सहित अन्य अतिथि।HighLights
- भोपाल में एआई इंपैक्ट समिट 2026 में विशेषज्ञों ने एआई के बारे में जानकारी दी
- अब तक 30 देशों में 60 समिट की जा चुकी है, मध्य प्रदेश में 30 डेटा लैब बना रहे हैं
- एडिशनल सेक्रेटरी ने कहा कि सिंहस्थ कुंभ में भी एआई की मदद से कार्य किए जा सकते हैं
राज्य ब्यूरो, भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज भोपाल में आयोजित मध्य प्रदेश रीजनल एआई इम्पैक्ट कांफ्रेंस-2026' में एआइ-सक्षम शासन और आर्थिक परिवर्तन के लिए राज्य के रणनीतिक रोडमैप को प्रस्तुत किया। इस दौरान उन्होंने स्पेस टेक पॉलिसी लांच की और कार्यक्रम में कई महत्वपूर्ण एमओयू भी हुए। मप्र विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा इंडिया एआई मिशन के सहयोग से कांफ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है। कांफ्रेंस में मप्र इनोवेशन एक्सपो का उद्घाटन किया। इस एक्सपो में इंडियाए आई पवेलियन, मप्र पवेलियन, स्टार्टअप शोकेस, हैकाथान एरिना और स्टार्टअप प्रतियोगिता भी रखी गई है।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार के डाटा को हम डिजिटाइज कर रहे हैं। 1960 का डेटा भी डिलिटाइज किया गया है। उन्होंने कहा कि संदीपनी और शंकराचार्य का ध्यान केंद्र मध्य प्रदेश में है। हमारा ज्ञान विस्तृत एआई समझ नहीं पाएगा। तंत्र, मंत्र, यंत्र और एक और यंत्र आ गया है षडयंत्र, यह इन सब पर भारी है। उन्होंने कहा- भगवान शंकर के परिवार में गणेश जी की बुद्धिमत्ता का कोई तोड़ नहीं है। हमारा राज्य एआई मिशन पर कम करेगा और एआई नीति भी ला रहे हैं।
भोपाल के होटल ताज में एआई इंपैक्ट समिट 2026 में विशेषज्ञों ने एआई के बारे में जानकारी दी। अब तक 30 देशों में 60 समिट की जा चुकी है। डेटा लैब्स बना रहे, इसमें मध्य प्रदेश में 30 डेटा लैब बना रहे हैं। भारत सरकार के एडिशनल सेक्रेटरी अखिलेश सिंह ने कहा कि सिंहस्थ कुंभ में भी एआई की मदद से कार्य किए जा सकते हैं। मध्य प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अपर प्रमुख सचिव संजय दुबे ने कहा कि प्रदेश खुद सॉफ्टवेयर डेवलप करता है।