
डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार का नया आधुनिक बिजनेस जेट बॉम्बार्डियर चैलेंजर-3500 आखिरकार भोपाल पहुंच गया है। यह विमान कनाडा के टोरंटो शहर से उड़ान भरकर बैंकॉक होते हुए भोपाल के स्टेट हैंगर पर लैंड हुआ है। करीब 234 करोड़ रुपये की लागत से खरीदे गए इस अत्याधुनिक विमान का इस्तेमाल अब मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और अन्य अति-विशिष्ट मेहमानों के दौरों के लिए किया जाएगा।
दशहरे के मौके पर स्टेट हैंगर पर इस नए विमान का विधिवत पूजन भी किया जा चुका है। कनाडा की प्रमुख विमान निर्माता कंपनी बाम्बार्डियर का यह चैलेंजर 3500 एक मिड-साइज लग्जरी बिजनेस जेट है, जिसकी कई अनोखी खूबियां इसे बेहद खास बनाती हैं।
जब हम देश के अन्य बड़े राज्यों के मुख्यमंत्रियों के सरकारी विमानों से इसकी तुलना करते हैं, तो मध्य प्रदेश का यह नया जेट सबको पछाड़ देता है। पड़ोसी राज्य गुजरात के पास वर्तमान में बॉम्बार्डियर चैलेंजर-650 विमान है, जिसे साल 2019 में करीब 191 करोड़ रुपये में खरीदा गया था।
हालांकि चैलेंजर-650 एक बेहतरीन विमान है,लेकिन एमपी का नया चैलेंजर-3500 तकनीक, केबिन आराम और सुरक्षा प्रणालियों के मामले में गुजरात के विमान से बहुत ज्यादा लेटेस्ट और आधुनिक पीढ़ी का है। वहीं, महाराष्ट्र सरकार का मुख्य विमान करीब 67 करोड़ रुपये का सेसना साइटेशन एक्सएलएस है, जो कि आकार, तकनीक और दूरी तय करने की क्षमता तीनों ही मामलों में सीएम मोहन यादव के नए विमान के सामने काफी छोटा नजर आता है।
इस विमान की सबसे बड़ी और जादुई खूबी इसका स्मार्ट केबिन है। यह पहला ऐसा बिजनेस जेट है जिसमें वॉयस-कंट्रोल केबिन दिया गया है। केबिन के भीतर की लाइट, इन-फ्लाइट एंटरटेनमेंट सिस्टम और इनडोर तापमान को यात्री अपनी आवाज यानी कमांड से नियंत्रित कर सकते हैं। यात्री को एसी का तापमान बदलने या लाइट धीमी करने के लिए कोई बटन दबाने की जरूरत नहीं है। वे केवल बोलकर केबिन, लाइट कम करो या तापमान कम करो कहकर पूरे केबिन का माहौल बदल सकते हैं।
इसके अलावा इसमें यात्रियों के बेहद आराम के लिए विशेष पेटेंटेड नुआज सीटें दी गई हैं, जो दुनिया की पहली जीरो-ग्रेविटी सीटें हैं। इसमें वायरलेस चार्जिंग पैड और बड़ी 24 इंच की 4K स्क्रीन भी दी गई है, जो लंबी यात्रा की थकान को खत्म कर देती हैं।
परफॉर्मेंस के मामले में भी यह जेट लाजवाब है। यह विमान अधिकतम 45,000 फीट की ऊंचाई पर उड़ सकता है, जो सामान्य विमानों से काफी ऊपर है। इसकी अधिकतम रफ्तार करीब 882 किलोमीटर प्रति घंटा है। यह जेट बिना रुके 6,297 किलोमीटर तक की नॉन-स्टॉप हवाई यात्रा कर सकता है। एक बार टैंक फुल होने पर इसकी रेंज करीब 6300 KM है, यानी यह भारत से सीधे यूरोप या पूर्वी एशिया तक बिना रुके उड़ान भर सकता है।
उल्लेखनीय है कि मई 2021 में कोरोना काल के दौरान मध्य प्रदेश सरकार का पुराना विमान बीचक्राफ्ट किंग एयर बी-250 ग्वालियर एयरपोर्ट पर एक बड़े हादसे का शिकार होकर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया था। तब से लेकर अब तक मुख्यमंत्री और अन्य वीआईपी के दौरों के लिए महंगे चार्टर्ड विमानों और हेलीकॉप्टरों को किराए पर लिया जा रहा था, जिस पर हर महीने करोड़ों रुपये खर्च हो रहे थे। नागरिक उड्डयन विभाग का अनुमान है कि इस नए सरकारी विमान के नियमित रूप से शुरू हो जाने के बाद राज्य सरकार का मासिक हवाई यात्रा खर्च घटकर एक-तिहाई रह जाएगा।
इतने कीमती विमान को उड़ाने के लिए राज्य सरकार के दो पायलटों को अमेरिका में स्पेशल ट्रेनिंग दी गई है। एग्रीमेंट के तहत कनाडा की कंपनी एक साल तक अपना मुख्य विदेशी पायलट देगी, जबकि एमपी के पायलट सहायक की भूमिका में रहेंगे। इस विमान का करीब 268 करोड़ रुपये का ऑल-रिस्क बीमा होगा, जिसका सालाना प्रीमियम करीब 2 करोड़ रुपये होगा।
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इसके अलावा राज्य सरकार नया हेलीकॉप्टर भी खरीद रही है जो जल्द ही बेड़े में शामिल होगा। वर्तमान में राज्य सरकार के पास केवल एक हेलीकॉप्टर है। भले ही विमान भोपाल पहुंच गया हो, लेकिन DGCA की जांच और औपचारिकताओं में डेढ़ से दो महीने लगेंगे, उसके बाद ही यह पहली आधिकारिक उड़ान भरेगा।