• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • भोपाल

एमपी के लाखों कर्मचारियों के लिए खुशखबरी... अगले साल फिर से होगा प्रमोशन, नियमों में बदलाव की तैयारी

MP Employees Promotion: प्रदेश में एक लाख से अधिक अधिकारियों-कर्मचारियों को दस वर्ष बाद इस साल पदोन्नति दी गई। सरकार अगले साल फिर से पदोन्नति देने की ...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: Dheeraj Belwal
Publish Date: Fri, 18 Sep 2026 06:35:17 PM (IST)Updated Date: Fri, 18 Sep 2026 06:43:59 PM (IST)
एमपी के लाखों कर्मचारियों के लिए खुशखबरी... अगले साल फिर से होगा प्रमोशन, नियमों में बदलाव की तैयारी
एमपी में अधिकारियों-कर्मचारियों को फिर मिलेगी पदोन्नति।

HighLights

  1. एमपी में अधिकारियों-कर्मचारियों को फिर मिलेगी पदोन्नति
  2. अगले साल प्रमोशन के लिए नियमों में संशोधन की तैयारी
  3. अभी कम से कम पांच वर्ष की सेवा के बाद ही है प्रविधान

राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल। प्रदेश में एक लाख से अधिक अधिकारियों-कर्मचारियों को दस वर्ष बाद इस साल पदोन्नति दी गई। सरकार अगले साल फिर से पदोन्नति देने की तैयारी में है। इसमें वे तो पात्र होंगे ही जो पांच वर्ष की सेवा पूरी करने जा रहे हैं, साथ ही ऐसे अधिकारियों-कर्मचारियों को भी पदोन्नत किया जाएगा जो वर्ष 2016 से पदोन्नति पर रोक के चलते पदोन्नत नहीं हो पाए थे।

पदोन्नति नियमों में होगा संशोधन

इन्हें वर्ष 2026 में पदोन्नति दी गई है, जबकि रोक नहीं होती तो दूसरी पदोन्नति भी मिल चुकी होती। नियमों में बदलाव होने पर वे इस वर्ष भी डीपीसी के विचार की परिधि में आएंगे। इसके लिए प्रत्येक संवर्ग में पदोन्नति के लिए निर्धारित सेवा अवधि में छूट देनी होगी। इसके लिए पदोन्नति नियमों में संशोधन किया जाएगा।


मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश और नियम संशोधन की प्रक्रिया

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अक्टूबर-नवंबर में पदोन्नति के लिए विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठकें की जाएं। इसके पहले पदोन्नति के नियमों में संशोधन करना होगा।

दरअसल, पदोन्नति पर लगी रोक के कारण प्रदेश में लंबे समय से अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति नहीं मिल पा रही थी। इस साल सरकार ने पदोन्नति का रास्ता साफ करते हुए बड़ी संख्या में अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति दी है।

अब सरकार अगले साल भी पदोन्नति प्रक्रिया आगे बढ़ाना चाहती है। इसमें इस साल पदोन्नत हुए अधिकारियों-कर्मचारियों के अलावा वे अधिकारी-कर्मचारी भी दायरे में आ सकते हैं, जिनकी निर्धारित सेवा अवधि पूरी नहीं हुई है।

यह भी पढ़ें- अंग्रेज भी अनुमति के लिए पैसे नहीं मांगते थे, छात्र बुझाएंगे अब सरकार के दीये, कांग्रेस को ‘छात्रों की गूंज’ में प्रशासन के अड़ंगे का डर

डीपीसी की बैठकें और प्रत्याशित पदों की गणना

समय से पहले पदोन्नति देने के लिए संबंधित संवर्ग के सेवा नियमों में निर्धारित न्यूनतम सेवा अवधि में छूट का प्रविधान करना होगा। इसके लिए शासन से नियमों में संशोधन की प्रक्रिया की जाएगी। संशोधन के बाद ही विभागों में पदोन्नति के लिए डीपीसी की बैठकें आयोजित की जा सकेंगी।

इनमें 31 दिसंबर 2027 तक रिक्त होने वाले प्रत्याशित पदों के साथ वर्ष 2026 में रिक्त हुए अप्रत्याशित पदों को शामिल किया जाएगा। पदोन्नति की प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही अधिकारी, कर्मचारी संगठन भी पांच वर्ष की अनिवार्य सेवा का नियम बदलने की मांग कर रहे थे।