
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल। भाजपा के राष्ट्रीय मोर्चों और प्रकोष्ठों में मध्य प्रदेश के नेताओं की भागीदारी बढ़ सकती है। पार्टी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की टीम में पहले ही मध्य प्रदेश के नेताओं को आठ पद मिले हुए हैं। अब मोर्चों की कार्यकारिणी की बारी है। फिलहाल बंशीलाल गुर्जर भाजपा किसान मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। लाल सिंह आर्य को एससी मोर्चा अध्यक्ष से भाजपा का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है, जबकि गजेंद्र पटेल को एसटी मोर्चा अध्यक्ष से राष्ट्रीय महामंत्री और झारखंड प्रभारी बनाया गया है।
इसी कारण एससी और एसटी मोर्चा के अध्यक्ष पद खाली हुए हैं। विजयादशमी के बाद मोर्चों की कार्यकारिणी की घोषणा संभावित है। प्रदेश संगठन ने मोर्चों के लिए कुछ नेताओं का पैनल केंद्रीय नेतृत्व को भेजा है। युवा मोर्चा में मध्य प्रदेश से भक्ति शर्मा, वैभव पवार और गजेंद्र तोमर को शामिल किया जा सकता है।
नेहा बग्गा का नाम महिला मोर्चा के लिए विचाराधीन है। शहडोल की सांसद हिमाद्री सिंह को भी महिला मोर्चा या मोदी कैबिनेट में लिया जा सकता हैं। हिमाद्री आदिवासी वर्ग का प्रतिनिधित्व करती हैं। इस वर्ग से मोदी कैबिनेट में दो मंत्री दुर्गादास उइके और सावित्री ठाकुर मध्य प्रदेश से ही हैं। हालांकि दोनों का प्रदर्शन कमजोर है।
निर्मला बारेला, हरिशंकर बाबा का नाम भी दावेदारों में शामिल है। भिंड से लोकसभा सदस्य संध्या राय को भी राष्ट्रीय स्तर पर जिम्मेदारी दी जा सकती हैं। लाल सिंह आर्य की पदोन्नति के बाद एससी कोटे में मध्य प्रदेश से चेहरा जरूरी है। एससी वर्ग से ही हरिशंकर खटीक और गंगा बाई पटले दावेदारी में हैं।
ओबीसी वर्ग से भी पार्टी प्रदेश के कुछ चेहरों को केंद्रीय संगठन में रख सकती है। ओबीसी वर्ग में ही प्रतिस्पर्धा अधिक है। ओबीसी वर्ग से दर्शन सिंह चौधरी, गौरव रणदिवे और नारायण सिंह कुशवाह जैसे चेहरे भी इस दौड़ में हैं।