मध्य प्रदेश के सात जिला अस्पतालों में पीपीपी से शुरू होगी एमआरआइ सुविधा
योजना में दो नए जिले मुरैना और स्वास्थ्य मंत्री के जिले रायसेन को भी शामिल किया गया है। ...और पढ़ें
By Hemant Kumar UpadhyayEdited By: Hemant Kumar Upadhyay
Publish Date: Wed, 19 Apr 2023 07:11:13 PM (IST)Updated Date: Wed, 19 Apr 2023 07:43:19 PM (IST)

भोपाल (राज्य ब्यूरो)। मध्य प्रदेश के सात जिला अस्पतालों में निजी सार्वजनिक भागीदारी (पीपीपी) से एमआरआइ की सुविधा शुरू करने के लिए प्रक्रिया शुरू हो गई है। कंपनी के चयन के लिए निविदा बुलाई गई है। पहले इंदौर, भोपाल, ग्वालियर जबलपुर और उज्जैन में मशीन स्थापित की जानी थी, लेकिन मुरैना और रायसेन को जोड़कर दूसरी बार निविदा प्रक्रिया शुरू की गई है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मुरैना में सुविधा शुरू करने की घोषणा हाल ही में की थी। इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्री डा. प्रभुराम चौधरी का क्षेत्र होने की वजह से रायसेन के जिला अस्पताल को भी इसमें शामिल कर लिया गया है।
बता दें कि सीटी स्कैन की सुविधा पहले से जिला अस्पतालों में पीपीपी माडल से दी जा रही है। एमआरआइ की सुविधा अभी किसी जिला अस्पताल में नहीं है।
कुछ मेडिकल कालेज से संबद्ध अस्पतालों में पीपीपी से एमआरआइ हो रही है। अब उन जिला अस्पतालों में भी मशीनें स्थापित की जा रही हैं जहां ओपीडी में प्रतिदिन मरीजों की संख्या एक हजार से ऊपर है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मशीन स्थापित होने पर बाजार दर से लगभग 70 प्रतिशत कम शुल्क में एमआरआइ जांच हो सकेगी। हालांंकि, दरों का अंतिम निर्धारण निविदा प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो पाएगी। बता दें कि निजी अस्पतालों में एमआरआइ जांच कराने का न्यूनतम खर्च छह हजार रुपये है। जिला अस्पतालों में सुविधा शुरू होने पर न्यूनतम से दो हजार से तीन हजार रुपये ही लगेंगे।