नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल । कटारा हिल्स क्षेत्र में लहारपुर स्थित इकोलॉजिकल पार्क के आसपास बीते एक सप्ताह से तेंदुए की मूवमेंट की सूचना बनी हुई है। रविवार को बरखेड़ा पठानी-लहारपुर रोड पर रहवासियों ने धान के खेतों में तेंदुए दिखाई देने का दावा किया।
सड़क किनारे मौजूद लोगों के अनुसार, धान के खेत में दो तेंदुए घूमते और बाद में बैठते हुए दिखाई दिए। सूचना फैलते ही सड़क पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और फोटो-वीडियो बनाने लगे।
वन अमले ने की तलाश
तेंदुए के मूवमेंट की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, सर्चिंग के दौरान टीम को दो सियार दिखाई दिए। हालांकि, वन विभाग का कहना है कि क्षेत्र में वन्यजीव की गतिविधि बनी हुई है और मिले पगमार्क के आधार पर अभी यह स्पष्ट नहीं है कि मूवमेंट तेंदुए की है या किसी अन्य वन्यजीव की।
इसके बाद वन विभाग ने क्षेत्र में सर्चिंग और निगरानी बढ़ा दी गई है।
12 से 15 ट्रैप कैमरे भी लगाए
रात में गतिविधियों पर नजर रखने के लिए अलग-अलग स्थानों पर 12 से 15 ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं। तेंदुए को पकड़ने के लिए फेस-एक में दो पिंजरे भी लगाए गए हैं। वन विभाग की टीमें आसपास के ग्रामीणों के साथ जंगल और अन्य संभावित मूवमेंट वाले क्षेत्रों में निगरानी कर रही हैं।
लोगों की सुरक्षा को देखते हुए लहारपुर इकोलाजिकल पार्क में लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। आसपास के रहवासी क्षेत्रों में भी अलर्ट जारी किया गया है। गांवों में मुनादी कराकर लोगों को रात में विशेष सावधानी बरतने और वन्यजीव दिखाई देने पर उसके पास नहीं जाने की समझाइश दी जा रही है।
टीमें कर रहीं सर्चिंग
लहारपुर इकोलॉजिकल पार्क क्षेत्र में बिल्ली प्रजाति के जंगली जानवर की मौजूदगी के प्रमाण मिले हैं। उन्होंने बताया कि फिलहाल मूवमेंट पार्क के फेस-एक में नहीं, बल्कि सड़क के दूसरी ओर स्थित फेस-दो क्षेत्र में सामने आया है, जो सड़क के दूसरे ओर स्थित है।
फेस-दो में पदचिह्न भी मिले हैं, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि मूवमेंट तेंदुए का है या बाघ का। वन विभाग की टीमें पिछले दो दिनों से करीब 20 से 25 किलोमीटर के दायरे में सर्चिंग कर रही हैं।- लोकप्रिय भारती, डीएफओ
वन विभाग ने जारी किया अलर्ट
- बच्चों को घर में रखें, अकेले बाहर न जाने दें।
- पशुओं को बाड़े में बंद रखें, खुला न छोड़े।
- रात में सुनसान इलाकों में अकेले जाने बचें।
- तेंदुए या बाघ से दूरी बनाकर रखें, पास जाने की कोशिश न करें।
- फोटो-वीडियो लेने के लिए भीड़ लगाकर उसे घेरे नहीं और पीछा भी न करें।
- पत्थर, डंडे या अन्य चीज फेंककर उसे उकसाए नहीं।
- मूवमेंट दिखने पर तत्काल वन विभाग या पुलिस को सूचना दें।