
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों और प्राचार्यों के 72,901 पद रिक्त हैं। स्कूल शिक्षा विभाग के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 3.38 लाख स्वीकृत पदों में करीब 2.65 लाख पदों पर शिक्षक कार्यरत हैं। विभाग में फिलहाल करीब 10 हजार पद शिक्षकों के पद खाली हैं। मार्च 2027 तक लगभग आठ हजार शिक्षकों के सेवानिवृत्त होंगे। इससे रिक्त पदों की संख्या करीब 18 हजार हो जाएगी।
वहीं 30 हजार से अधिक शिक्षकों की पदोन्नति होने पर उनके वर्तमान पद भी खाली होंगे। इन दोनों स्थितियों को मिलाकर अगले साल करीब 48 हजार पदों पर भर्ती की स्थिति बन सकती है। स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह का कहना है कि करीब 10 हजार शिक्षकों के पदों पर भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी।
प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) दिसंबर में प्रस्तावित है। परीक्षा का परिणाम आने के बाद विभाग पदोन्नति की पहली सूची जारी कर सकता है। करीब डेढ़ लाख शिक्षक टीईटी के दायरे में हैं। परीक्षा में पात्र होने वाले शिक्षकों को आगामी पदोन्नति प्रक्रिया में अवसर मिलने की संभावना है।
विभाग की योजना जुलाई 2027 तक शिक्षकों के करीब 18 हजार पदों को भर्ती प्रक्रिया के जरिए भरने की है। इनमें बैकलाग के करीब आठ हजार और सीधी भर्ती के 10 हजार पद शामिल हैं। स्कूल शिक्षा विभाग में शिक्षक संवर्ग की पदोन्नति प्रक्रिया अभी बाकी है,जबकि लिपिक संवर्ग और उच्च पदों पर अधिकारियों की पदोन्नति की जा चुकी है।
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