शिक्षकों के प्रदर्शन का चौथा दिन: हक की लड़ाई के लिए 1998 से नंगे पैर हैं रतलाम के शिक्षक तेजू डिंडोर, भोपाल में हुआ सम्मान
रतलाम के शिक्षककर्मी तेजू डिंडोर ने नियुक्ति सहित अपनी मांगों के समर्थन में वर्ष 1998 से जूते-चप्पल नहीं पहने हैं। मांगें पूरी होने तक संकल्प जारी रखन...और पढ़ें
Publish Date: Wed, 30 Sep 2026 07:09:34 PM (IST)Updated Date: Wed, 30 Sep 2026 07:09:34 PM (IST)
शिक्षक संयुक्त मोर्चा ने धरना स्थल पर तेजू डिंडोर को माला पहनाकर सम्मानित किया। सौ- आयोजकHighLights
- भोपाल के नीलम पार्क शिक्षकों के धरने का चौथा दिन
- रतलाम के शिक्षककर्मी तेजू डिंडोर ने किया हड़ताल का समर्थन
- तेजू ने 28 साल पहले मांगों को लेकर 1998 से जूते-चप्पल त्यागे
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। रतलाम जिले के रहने वाले शिक्षककर्मी तेजू डिंडोर, ने नियुक्ति सहित अपनी मांगों के समर्थन में वर्ष 1998 से जूते-चप्पल का त्याग कर रखा है। उन्होंने संकल्प लिया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक वे जूते-चप्पल धारण नहीं करेंगे।
शिक्षक के करीब 30 वर्षों के त्याग और संघर्ष के सम्मान में शिक्षक संयुक्त मोर्चा द्वारा उन्हें माला पहनाकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर धरना स्थल पर उपस्थित शिक्षक साथियों ने उनके संघर्ष और संकल्प की सराहना की।
उज्जैन से पहुंचे 3 हजार शिक्षक
मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र से आए शिक्षक साथियों को संबोधित करते हुए संयुक्त मोर्चा के सदस्य राकेश पटेल ने कहा कि शिक्षक अपने अधिकारों और मांगों को लेकर लगातार संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि धरने के चौथे दिन उज्जैन संभाग से लगभग 3,000 शिक्षक नीलम पार्क पहुंचे और आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
1 अक्टूबर को रीवा, शहडोल से आएंगे
राकेश पटेल ने बताया कि आंदोलन के पांचवें दिन 1 अक्टूबर 2026 को रीवा एवं शहडोल संभाग से लगभग 3,000 शिक्षक नीलम पार्क, भोपाल पहुंचकर धरने में शामिल होंगे।
धरना स्थल पर संयुक्त मोर्चा के सदस्य जगदीश यादव एवं मनोहर दुबे सहित शिक्षक साथियों ने संबोधित करते हुए आंदोलन की मांगों और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी दी।