
नवदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी के दीपड़ी में किफायती आवास को लेकर लंबे समय से चल रही कवायद अब जमीन पर उतरने की स्थिति में पहुंच गई है। प्रदेश सरकार ने ‘हाउसिंग फॉर ऑल’ के लक्ष्य को गति देने के लिए नगर निगम को यहां 4 हेक्टेयर भूमि आवंटित कर दी है। निगम ने इस जमीन पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 1100 फ्लैट्स के निर्माण की तैयारी शुरू कर दी है। पूरे प्रोजेक्ट पर करीब 90 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
योजना के अनुसार, कुल आवासों में 700 इकाइयां आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) और 400 इकाइयां निम्न आय वर्ग (एलआइजी) के लिए बनाई जाएंगी। नगर निगम का दावा है कि इससे शहर में आवासहीन और किफायती घर की प्रतीक्षा कर रहे परिवारों को राहत मिलेगी। इस प्रोजेक्ट को सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) माडल पर विकसित किया जाएगा। निगम अधिकारियों के मुताबिक, इससे निर्माण की गति तेज होगी और वित्तीय भार का संतुलन भी बना रहेगा।
परियोजना के तहत केवल आवासीय ब्लाक ही नहीं, बल्कि सीमित स्तर पर व्यावसायिक प्लाट भी विकसित किए जाएंगे, जिससे क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके। इसके अलावा निगम प्रशासन 4000 करोड़ रुपये के एक और विशाल हाउसिंग प्रोजेक्ट के लिए जमीन की तलाश में जुट गया है। शहर में बढ़ती आबादी के दबाव को देखते हुए निगम प्रशासन ने लोगों को आवास देने के उद्देश्य से रूपरेखा तैयार की है।
दीपड़ी के अलावा भी निगम करीब 4000 करोड़ रुपये के इस प्रोजेक्ट के लिए अधिकारी होशंगाबाद रोड, बावड़िया कला, रातीबड़, कोलार और गांधी नगर जैसे इलाकों में ऐसी जमीन देख रहे हैं, जहां वातावरण शांत हो और शहर से कनेक्टिविटी बेहतर मिले। हालांकि, निगम के सामने सबसे बड़ी चुनौती पुराने प्रोजेक्ट्स को पूरा करना है।
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गौरतलब है कि वर्ष 2017 में शुरू हुए पहले चरण के कई प्रोजेक्ट अब भी अधूरे लटके हैं। ऐसे में नए प्रोजेक्ट्स के लिए जमीन चिह्नित करना और उन्हें समय पर पूरा करना निगम के हाउसिंग फार आल शाखा के लिए कड़ी परीक्षा होगी।
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत प्रदेश सरकार ने दीपड़ी में नगर निगम को जमीन तीन हैक्टेयर आवंटित कर दी है। यहां पर 1100 आवासीय फ्लैट तैयार किए जाएंगे। इसके अलावा कुछ व्यावसायिक प्लाट भी होंगे।- तन्मय वशिष्ठ शर्मा, अपर आयुक्त