• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • भोपाल

MP में अतिथि विद्वानों की आवाज बनेगी 'VJP': 30 सितंबर से सदस्यता अभियान की तैयारी, जारी किया 15 सूत्रीय एजेंडा

अतिथि विद्वानों ने 3 अक्टूबर तक ठोस निर्णय नहीं होने पर 4 अक्टूबर से आंदोलन का अगला चरण शुरू करेंगे।वीजेपी ने शिक्षित युवाओं और आम शिक्षित लोगों की पा...और पढ़ें

By Anjali raiEdited By: bhupendra Singh Rajput
Publish Date: Fri, 25 Sep 2026 09:26:10 PM (IST)Updated Date: Fri, 25 Sep 2026 09:26:10 PM (IST)
MP में अतिथि विद्वानों की आवाज बनेगी 'VJP': 30 सितंबर से सदस्यता अभियान की तैयारी, जारी किया 15 सूत्रीय एजेंडा
फाइल फोटो।

HighLights

  1. अतिथि विद्वानों के राजनीतिक संगठन विद्वान जनता पार्टी (VJP) की तैयारी
  2. आंदोलन 3 अक्टूबर तक स्थगित, 30 सितंबर से सदस्यता अभियान शुरू
  3. नियमितीकरण, नौकरी में स्थायित्व समेत 15 सूत्रीय एजेंडा जारी किया

नईदुनिया प्रतिनिधि,भोपाल। मध्य प्रदेश के सरकारी कालेजों में नियमितीकरण और नौकरी में स्थायित्व की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे अतिथि विद्वानों ने अब अपने राजनीतिक संगठन विद्वान जनता पार्टी (वीजेपी) का 15 सूत्रीय एजेंडा सामने रखा है।

पार्टी की ओर से जारी पोस्टरों में अतिथि विद्वानों के स्थायित्व से लेकर रोजगार, शिक्षा, महंगाई, भ्रष्टाचार और शासन में आम जनता की भागीदारी जैसे मुद्दों को शामिल किया गया है।

संगठन ने 15 सितंबर को सांकेतिक पार्टी के गठन की घोषणा की थी और आगे सदस्यता अभियान शुरू करने की तैयारी है। वीजेपी के एजेंडे में अतिथि विद्वानों के नियमितीकरण और नौकरी में स्थायित्व को प्रमुख स्थान दिया गया है।

इसके अलावा वर्ग-1, 2 और 3 के अतिथि शिक्षकों के स्थायित्व, संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण तथा आउटसोर्स और ठेका कर्मचारियों की भविष्य की सुरक्षा की बात कही गई है।

फिलहाल आंदोलन स्थगित


पार्टी के एजेंडे में अशिक्षा और बेरोजगारी कम करने, रोजगार के नए अवसर बढ़ाने तथा महंगाई और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने जैसे मुद्दे भी शामिल हैं। पोस्टर में कमजोर और वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा तथा अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने की बात कही गई है।


अतिथि विद्वानों का आंदोलन फिलहाल तीन अक्टूबर तक स्थगित है। उनकी प्रमुख मांग है कि स्थायित्व की नीति बनने तक फालेन आउट प्रक्रिया रोकी जाए।

यह भी पढ़ें- भोपाल में दिग्विजय सिंह से मिले अतिथि विद्वान; बोले- सरकार के वादों के उलट हो रही छंटनी, इसे बंद किया जाए

भाई-भतीजावाद का विरोध

अतिथि विद्वानों ने तीन अक्टूबर तक ठोस निर्णय नहीं होने पर चार अक्टूबर से आंदोलन का अगला चरण शुरू करेंगे।वीजेपी ने शिक्षित युवाओं और आम शिक्षित लोगों की पार्टी में भागीदारी बढ़ाने की बात कही है।

साथ ही शासन-प्रशासन और सरकारी नौकरियों में भाई-भतीजावाद खत्म करने और सरकार में आम जनता की भागीदारी सुनिश्चित करने का उल्लेख किया है।

पोस्टर पर शिक्षित समाज, सशक्त भारत और समान अवसर सभी के लिए जैसे संदेश हैं।पार्टी का नारा सत्ता नहीं, सेवा समर्पण बताया गया है।