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सावधान भोपाल के मतदाता! वोटर लिस्ट में फिर जुड़वा सकते हैं नाम, जानिए 31 अक्टूबर तक की आसान प्रक्रिया

विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के दौरान मतदाता सूची से नाम कटने के बाद भी यदि आप मतदान का अधिकार बनाए रखना चाहते हैं, तो 31 अक्टूबर तक नाम जुड़वाने के ल...और पढ़ें

By Madanmohan malviyaEdited By: ADITYA KUMAR
Publish Date: Sun, 18 Oct 2026 06:44:38 PM (IST)Updated Date: Sun, 18 Oct 2026 06:44:38 PM (IST)
सावधान भोपाल के मतदाता! वोटर लिस्ट में फिर जुड़वा सकते हैं नाम, जानिए 31 अक्टूबर तक की आसान प्रक्रिया
वोटर लिस्ट में फिर जुड़वा सकते हैं नाम

HighLights

  1. भोपाल में कटे नाम जुड़वाने का 31 अक्टूबर तक मौका
  2. 2003 के निवास रिकॉर्ड देने की बाध्यता समाप्त
  3. 2 नवंबर से शुरू होगा विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसएसआर)

नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के दौरान मतदाता सूची से नाम कटने के बाद भी यदि आप मतदान का अधिकार बनाए रखना चाहते हैं, तो 31 अक्टूबर तक नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकते हैं।

भोपाल में एसआइआर के दौरान करीब 4.50 लाख मतदाताओं के नाम कट गए थे। इनमें से अब तक 73 हजार नाम दोबारा जुड़ चुके हैं, जबकि प्रशासन का लक्ष्य यह संख्या 1.80 लाख तक पहुंचाने का है। इसके लिए बीएलओ मतदान केंद्रों और घर-घर जाकर अनुपस्थित तथा दूसरे स्थानों पर शिफ्ट हुए मतदाताओं का सत्यापन कर रहे हैं।

14 हजार आवेदन हुए जमा: 2003 के रिकॉर्ड की बाध्यता खत्म

जानकारी के अनुसार अब तक नए और शिफ्ट हुए मतदाताओं के करीब 14 हजार आवेदन जमा हुए हैं। अभियान के तहत ऐसे पात्र मतदाताओं को राहत मिलेगी, जो रोजगार के लिए दूसरे शहर या राज्य चले गए थे, घर पर नहीं मिलने के कारण सूची में शामिल नहीं हो सके या विवाह के बाद दूसरी जगह रहने लगे हैं। जिन मतदाताओं की वर्ष 2003 की मतदाता सूची से मैपिंग नहीं हो पाई थी, उन्हें भी राहत मिलेगी। अब नाम जुड़वाने के लिए वर्ष 2003 में स्वयं या परिवार के निवास का रिकॉर्ड और अलग घोषणा पत्र देने की बाध्यता नहीं होगी।


बता दें कि निर्वाचन आयोग दो नवंबर से विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसएसआर) शुरू करेगा। इसकी ड्राफ्ट मतदाता सूची 12 नवंबर को प्रकाशित होगी। इसके बाद 11 दिसंबर तक नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन के आवेदन लिए जाएंगे। एसआइआर में नाम कटने वाले पात्र मतदाता भी आवेदन कर सकेंगे। एक जनवरी 2027 को 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवा भी मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकते हैं।

पते का प्रमाणपत्र देकर दोबारा नाम जुड़वाएं: भोपाल में 2900 बीएलओ मैदान में तैनात

विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) में दूसरे राज्य में शिफ्ट होने के कारण मतदाता सूची से नाम कट गया है, लेकिन मध्य प्रदेश में स्थायी पता है, तो पते का प्रमाण पत्र देकर नाम दोबारा जुड़वा सकते हैं। इसके लिए 31 अक्टूबर तक घर-घर सत्यापन अभियान चल रहा है। भोपाल में 2900 बीएलओ अनुपस्थित और शिफ्ट हुए मतदाताओं की तलाश कर रहे हैं। इसके बाद दो नवंबर से विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसएसआर) शुरू होगा। इसमें नाम जोड़ने, जानकारी में सुधार और नियमानुसार अपात्र नाम हटाने की प्रक्रिया होगी। अब नाम जुड़वाने के लिए 2003 का रिकार्ड देना अनिवार्य नहीं होगा।

ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से कर सकते हैं आवेदन

मतदाता आवेदन ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से कर सकेंगे। नए मतदाता वोटर हेल्पलाइन ऐप या voters.eci.gov.in पर फार्म-6 भर सकते हैं। निवास बदलने या जानकारी में सुधार के लिए फार्म-8 भरना होगा। संबंधित बीएलओ को भी आवेदन दिया जा सकता है।

नाम जुड़वाने के लिए आवश्यक दस्तावेज और अधिकारी का बयान

मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए मौजूदा पते का प्रमाण, बैंक पासबुक, ड्राइविंग लाइसेंस, बिजली बिल, गैस पासबुक या नगर निगम की प्रॉपर्टी रसीद जैसे दस्तावेज दिए जा सकेंगे। पहचान प्रमाण के तौर पर अधिकृत सरकारी दस्तावेज मान्य रहेंगे।

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दीपक पांडे, उप जिला निर्वाचन अधिकारी का कहना है

जिले में एसआइआर के दौरान सूची से किन्हीं कारणों से कटे नामों का दोबारा से सत्यापन किया जा रहा है। इस काम में 2900 बीएलओ लगे हुए हैं, अब तक 73 हजार से अधिक के नाम सत्यापित किए जा चुके हैं, बाकि का जारी है। मतदाता स्वयं भी अपने नाम दस्तावेज उपलब्ध करवाकर जुड़वा सकते हैं।