
ठंड से बचने के लिए लोग जगह-जगह अलाव तापते नजर आए। सोमवार को नौगांव में न्यूनतम तापमान गिरकर एक डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जिससे ठंड का असर और ज्यादा बढ़ गया। वहीं खजुराहो में न्यूनतम तापमान 5.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। हालात ऐसे हैं कि दिन के समय भी सीवियर कोल्ड डे जैसी स्थिति बनी हुई है।

कड़ाके की ठंड के बावजूद नौनिहालों को स्कूल जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। सुबह और दिनभर की ठिठुरन बच्चों के लिए परेशानी का कारण बन रही है। दूसरी ओर अधिकारी अपने गरम कमरों में हीटर की गर्मी का आनंद लेते नजर आ रहे हैं। इसे लेकर लोगों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अधिकारियों को बच्चों की ठंड का वास्तविक अहसास करना है, तो पहले उनके कमरों से हीटर हटाए जाने चाहिए।
गौरतलब है कि छतरपुर से कम ठंड वाले प्रदेश के 16 से अधिक जिलों में 7 जनवरी तक अवकाश घोषित किया जा चुका है। दतिया और ग्वालियर जैसे जिलों ने समय रहते स्कूल अवकाश का निर्णय लिया, लेकिन छतरपुर और नौगांव क्षेत्र में अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार बुंदेलखंड के छतरपुर सहित अन्य जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है। यदि बारिश होती है, तो तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है। नौगांव में ओस की बूंदें जमने लगी हैं, जिससे ठिठुरन लगातार बढ़ती जा रही है और लोगों की परेशानियां और ज्यादा बढ़ गई हैं।