
Dhar Bhojshala ASI Survey नईदुनिया प्रतिनिधि, धार। धार की ऐतिहासिक भोजशाला में रविवार को 38वें दिन जीपीआर सर्वे (ग्राउंड पेनिट्रेटिंग रडार) के लिए टीम पहुंच गई है। बता दे कि भोजशाला के दक्षिण व उत्तर की ओर खुदाई कार्य किया जाएगा। यज्ञ कुंड के पास सर्वे जारी रहेगा। सोमवार तक यह कार्य तेजी से जारी रहेगा। वहीं 29 अप्रैल को हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ में सुनवाई होनी है।
सर्वे के दौरान किस तरह की मशीन आएगी और कहां-कहां सर्वे की आवश्यकता होगी, इसे लेकर मशीन व स्थान चिन्हित कर लिए गए हैं। वहीं जीएसआई के विशेषज्ञों की टीम भी आगामी दिनों में यहां आ सकती है।
#WATCH | Dhar, Madhya Pradesh: A team of the Archeological Survey of India (ASI) reached Bhojshala premises to continue the survey which commenced on March 22. pic.twitter.com/IsV4PaRdew
— ANI (@ANI) April 28, 2024
शनिवार को भी भोजशाला मुख्य परिसर सहित अन्य स्थानों पर भी खुदाई का कार्य जारी रहा। मुख्य रूप से दक्षिण भाग में मिट्टी हटाई गई। वहीं गर्भगृह के नजदीक भी जिस क्षेत्र में खोदाई की जा रही है, वहां काम की गति और तेज कर दी गई है। यहां से खंडित प्रतिमा का एक हिस्सा मिला था।
वहीं भोजशाला के पास कमाल मौलाना की दरगाह परिसर में भी केमिकल विशेषज्ञ टीम ने सुबह से लेकर शाम तक काम किया है। सफाई आदि का कार्य भी कर लिया गया है। यहां पर जो शिलालेख हैं, उनको पढ़ने आदि को लेकर पूर्व में तैयारी की जा चुकी है।
उल्लेखनीय है कि भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण यानी जियोलाजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के माध्यम से ही यह सर्वे कार्य किया जाता है। इस संस्थान का संचालन खनिज मंत्रालय के माध्यम से किया जाता है। इसका मुख्यालय कोलकाता में है। जबकि मध्य प्रदेश से नजदीक क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ, जयपुर और नागपुर में है।
ऐसे में माना जा रहा है कि इन तीन क्षेत्रीय कार्यालय से ही विशेषज्ञों की टीम धार आ सकती है। साथ ही क्षेत्रीय कार्यालय से ही मशीनें भी आएंगी। इस विभाग का कार्य जमीन व पानी की गहराई में पाए जाने वाले खनिजों को पता लगाना होता है। यही उपकरण जमीन के भीतर धरोहर सहित अन्य संरचनाओं का पता लगाने में उपयोग होंगे।