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धार में अब मोबाइल से कंट्रोल होगी गांव की पानी की मोटर, नल-जल योजनाओं में लगेंगे आटोमैटिक सेंसर

गांव में पानी की मोटर चलाने के लिए अब बार-बार मौके पर जाने की जरुरत नहीं पड़ेगी।

By PremVijay PatilEdited By: manoj dubey
Publish Date: Wed, 16 Sep 2026 08:48:44 PM (IST)Updated Date: Wed, 16 Sep 2026 08:51:23 PM (IST)
धार में अब मोबाइल से कंट्रोल होगी गांव की पानी की मोटर, नल-जल योजनाओं में लगेंगे आटोमैटिक सेंसर
प्रतीकात्मक फोटो एआई से बनाई गई है।

HighLights

  1. सभी ग्राम पंचायतों में पानी समितियों का पुनर्गठन सुनिश्चित करने को कहा
  2. योजनाओं के संचालन और रखरखाव के लिए प्रशिक्षण देने के निर्देश
  3. कलेक्टर ने पेयजल स्रोतों के नियमित रखरखाव और क्लोरीनीकरण दिया जोर

नईदुनिया प्रतिनिधि, धार। गांव में पानी की मोटर चलाने के लिए अब बार-बार मौके पर जाने की जरुरत नहीं पड़ेगी। नल-जल योजनाओं को तकनीक से जोड़ने की तैयारी है। इसके तहत सभी नल-जल योजनाओं में आटोमैटिक सेंसर लगाए जाएंगे।

इनके जरिए मोबाइल ऐप से मोटर पंप का संचालन और नियंत्रण किया जा सकेगा। मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठक में कलेक्टर राजीव रंजन मीना ने पेयजल योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को ये व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए।

सभी ग्राम पंचायतों में पानी समितियों का पुनर्गठन सुनिश्चित करने को कहा

कलेक्टर ने सभी ग्राम पंचायतों में पानी समितियों का पुनर्गठन सुनिश्चित करने को कहा। पंचायतों को ग्रामीणों के बीच जागरुकता बढ़ाकर नियमित जल प्रभार की वसूली के लिए भी प्रेरित करने के लिए कहा है। इसका उद्देश्य पेयजल योजनाओं के संचालन और रखरखाव की व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना है।


योजनाओं के संचालन और रखरखाव के लिए प्रशिक्षण देने के निर्देश

बैठक में नई नल-जल योजना संचालन-संधारण नीति के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने पंचायतों को नीति के अनुसार योजनाओं के संचालन और रखरखाव के लिए प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। साथ ही जल संरक्षण के कामों को गति देने के लिए कहा।

क्लोरीनीकरण और पानी की जांच पर जोर

कलेक्टर ने पेयजल स्रोतों के नियमित रखरखाव के साथ क्लोरीनीकरण की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। एफटीके के माध्यम से पानी की गुणवत्ता की नियमित जांच कराने पर भी जोर दिया गया, ताकि ग्रामीणों को सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जा सके।

बैठक में पीएचई विभाग के कार्यपालन यंत्री एससी जनोलिया व एनएस भूरिया, जल निगम के महाप्रबंधक गौरव सिंघई, उपमहाप्रबंधक नीरज नीलोसे, कुलदीप कलम, राकेश बेहरा सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

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