पुलिस ने किया अंधे हत्याकांड का पर्दाफाश, दो भतीजों ने मिलकर बड़े पिता को मारा, बोरी में भरकर शव नदी में फेंका
Dindhori Murder: मध्य प्रदेश के डिंडौरी जिले में नर्मदा नदी के कोसमघाट के किनारे पानी में एक सफेद रंग की प्लास्टिक की बोरी में मिले शव के मामले का पर् ...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 26 Oct 2025 09:34:04 PM (IST)Updated Date: Sun, 26 Oct 2025 09:34:04 PM (IST)
पुलिस ने किया अंधे हत्याकांड का पर्दाफाशHighLights
- झाड़ फूंक को लेकर भतीजों ने गला दबाकर की थी हत्या
- हत्या के बाद शव बोरी में भरकर नदी में फेंका
नईदुनिया प्रतिनिधि, डिंडौरी। जिले के मेहंदवानी थाना अंतर्गत पांच अक्टूबर को नर्मदा नदी के कोसमघाट के किनारे पानी में एक सफेद रंग की प्लास्टिक की बोरी में मिले शव के मामले का पर्दाफाश पुलिस द्वारा कर दिया गया है। पुलिस ने इस मामले में वृद्ध की हत्या के आरोप में उसे सगे दो भतीजों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया है।
थाना प्रभारी श्याम सुंदर उसराठे ने बताया कि झाड़ फूंक को लेकर दो भतीजों ने अपने बड़े पिता की हत्या कर शव बोरी में भरकर नदी में फेंक दिया था। बताया गया कि पांच अक्टूबर को बोरी में शव की सूचना पर मर्ग कायम कर मामले की विवेचना शुरू की गई। विवेचना के दौरान अज्ञात मृतक की पहचान ग्राम धनगांव थाना शहपुरा निवासी मंगल बैगा उम्र 65 वर्ष के तौर पर परिजनों द्वारा की गई थी।
बोरी में भरकर नदी में फेंका था शव
थाना प्रभारी ने बताया कि विवेचना में सामने आया कि मृतक मंगल बैगा झाड़ फूंक करता था। मृतक के बड़े भतीजा रतन सिंह की पत्नी की पिछले साल मौत हो गई थी, जिससे वह संदेह करता था कि मंगल द्वारा झाड़ फूंक करने से ही मौत हुई है। इसी बात के चलते वह मंगल से रंजिश रखता था। इसी रंजिश में रतन सिंह पिता सिंधी बैगा 38 वर्ष ने अपने छोटे भाई बैसाखू सिंह उम्र 30 वर्ष के साथ मिलकर तीन अक्टूबर को धनगांव में गला दबाकर अपने बड़े पिता मंगल की हत्या कर दी।
हत्या करने के बाद एक बोरी में उसका शव भरकर बाइक से ले जाकर कोसमघाट में पानी में फेंक दिया था। कार्रवाई में थाना प्रभारी मेहंदवानी एसएस उसराठे, एसआई रंभा लाल मांझी, प्रधान आरक्षक नरेंद्र मार्को, आरक्षक सुमेरी लाल, प्रधान आरक्षक कमलेश मरावी शहपुरा शामिल रहे।