Harda Blast : किसानों का दर्द- बीस दिन बाद कटने लगती गेहूं फसल, हुआ लाखों का नुकसान
Harda Blast : विस्फोट से किसानों की महीनों की मेहनत और हजारों रुपयों की लागत पर मलबा बिछ गया। वहीं एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड, पोकलेन मशीनें, पानी के टैं ...और पढ़ें
By Hemant Kumar UpadhyayEdited By: Hemant Kumar Upadhyay
Publish Date: Sun, 11 Feb 2024 09:43:04 AM (IST)Updated Date: Sun, 11 Feb 2024 09:43:04 AM (IST)
HighLights
- फैक्ट्री के आसपास के खेतों में मलबा बिखने और वाहनों की आवाजाही से बने मैदान
- बैरागढ़ में हुए पटाखा फैक्ट्री के विस्फोटों की जद में आए अनेक खेत
- किसानों की महीनों की मेहनत और हजारों रुपयों की लागत पर मलबा बिछ गया।
विजय विश्नोई, हरदा। बैरागढ़ में हुए पटाखा फैक्ट्री के विस्फोटों की जद में केवल काम करने वाले मजदूर और आसपास रहने वाले लोग ही नहीं आए, बल्कि किसानों की फसल भी आई है। कई खेतों में करीब बीस दिन बाद फसल कटकर निकल जाती, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। किसानों की महीनों की मेहनत और हजारों रुपयों की लागत पर मलबा बिछ गया। वहीं एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड, पोकलेन मशीनें, पानी के टैंकरों के पहियों से भी फसल जमीन पर धंस गई। किसान राजू उपाध्याय के खेत की स्थिति देखकर कोई यह नहीं कह सकता कि पहले इस खेत में गेहूं की फसल लहलाती होगी।
टूट गया मजदूर का पैर
फैक्ट्री के साइड से ही किसान राजू उपाध्याय का खेत हैं। चार एकड़ की गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। खेत में एक मकान में किसान तो दूसरे मजदूर अशोक मेहरा 33 वर्ष रहता है। खेत मालिक और मजदूर दोनों के घरों में सात सदस्य थे। अशोक ने बताया कि पलेवा और तीन सिंचाई करने के बाद फसल बीस दिन कट जाती। अब सब बर्बाद हो गया। करीब दो लाख से अधिक का नुकसान हुआ है। मालिक और मजदूर दोनों के घरों में भी नुकसान हुआ है।
अन्य किसानों की भी यही कहानी
फैक्ट्री के ठीक सामने किसान बबलू बादर का खेत है। यहीं उनका पक्का मकान भी बना है, जिसमें मजदूर परिवार रहता है। घर पर बिम कालम गिरे। बाइक चकनाचूर हो गई। पांच एकड़ से अधिक का गेहूं खराब हो गया। मजदूर की तीन बकरी मर गई। हादसे के समय घर में सात लोग थे। गरीबदास मजदूर ने बताया कि घर को व्यापक नुकसान हुआ है।
किसान और बैल को लगी राड
इसी तरह किसान हिमांशु माली के चार एकड़ के गेहूं खराब हो गए। वाहन गुजरने से नुकसान हुआ है। हिमांशु के एक पैर में लोहे की राड लगी। बैल को भी राड लगी। हादसे के दौरान इनके घर में बारह लोग थे। घर पक्का थी, जिसकी खिड़की ,दरवाजे, टाइल्स और अन्य सामान सभी टूट गए।